नई EV पॉलिसी लागू, पुराने पेट्रोल वाहनों पर रोक की अफवाहों को सरकार ने खारिज किया

Update: 2026-07-03 10:28 GMT

Delhi दिल्ली: सरकार ने राजधानी में नई इलेक्ट्रिक वाहन (EV) पॉलिसी को आधिकारिक रूप से नोटिफाई कर दिया है, जो 1 जुलाई से लागू हो गई है। इस नीति के लागू होने के बाद आम लोगों के बीच यह सवाल उठने लगे कि क्या पुराने पेट्रोल और डीजल वाहनों पर कोई रोक लगाई जाएगी। हालांकि सरकार ने स्पष्ट किया है कि ऐसी कोई पाबंदी नहीं है।

इस मुद्दे पर सरकार की ओर से प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता (Rekha Gupta) ने कहा कि लोगों को इस तरह की अफवाहों पर ध्यान नहीं देना चाहिए। उन्होंने साफ किया कि पुराने वाहनों को उनके निर्धारित समय सीमा तक बिना किसी रोक-टोक के चलाया जा सकता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह धारणा गलत है कि नई EV पॉलिसी लागू होने के बाद पेट्रोल या डीजल वाहन तुरंत बंद कर दिए जाएंगे। उन्होंने बताया कि सरकार का उद्देश्य मौजूदा वाहनों को हटाना नहीं, बल्कि धीरे-धीरे इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देना है ताकि प्रदूषण कम किया जा सके।

उन्होंने कहा कि दिल्ली में वायु प्रदूषण एक बड़ी चुनौती है और इसी को देखते हुए सरकार ने ट्रांसपोर्ट सेक्टर में बड़े बदलाव की दिशा में कदम उठाया है। नई नीति का मुख्य उद्देश्य स्वच्छ और पर्यावरण-अनुकूल परिवहन व्यवस्था को बढ़ावा देना है।

सरकारी अधिकारियों के अनुसार, EV पॉलिसी के तहत इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग को बढ़ाने के लिए कई प्रोत्साहन योजनाएं लागू की जाएंगी, जिससे लोग धीरे-धीरे इलेक्ट्रिक वाहनों की ओर आकर्षित हों।

इस नीति में चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने और ईवी अपनाने के लिए आर्थिक सहायता देने जैसे प्रावधान भी शामिल हैं। सरकार का मानना है कि इससे राजधानी में प्रदूषण स्तर को कम करने में मदद मिलेगी।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने यह भी कहा कि नीति को लेकर फैलाई जा रही गलत जानकारी लोगों में भ्रम पैदा कर रही है, जिसे दूर करना जरूरी है। उन्होंने कहा कि सरकार का पूरा ध्यान जनता को सही जानकारी देने और नीति के वास्तविक उद्देश्य को स्पष्ट करने पर है।

विशेषज्ञों का मानना है कि दिल्ली की नई EV पॉलिसी परिवहन व्यवस्था में एक बड़ा बदलाव ला सकती है, लेकिन इसके सफल क्रियान्वयन के लिए जागरूकता और बुनियादी ढांचे का मजबूत होना जरूरी है।

फिलहाल सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर विश्वास न करें और आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें।

Tags:    

Similar News