इंदौर से लापता 15 वर्षीय लड़की बड़नगर से बरामद

Update: 2026-08-03 11:49 GMT

इंदौर। इंदौर के बाणगंगा इलाके से करीब 15 दिनों से लापता 15 वर्षीय लड़की को पुलिस ने उज्जैन जिले के बड़नगर से बरामद कर लिया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि नाबालिग लड़की को कथित तौर पर उसके एक दोस्त और एक महिला की मदद से तीन लाख रुपये में बेच दिया गया था। मामले में पुलिस ने आरोपियों की पहचान कर जांच आगे बढ़ा दी है।

पुलिस के अनुसार, लड़की के परिवार ने करीब 15 दिन पहले बाणगंगा पुलिस थाने में उसके लापता होने की शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने नाबालिग की तलाश शुरू की और मामले की जांच के दौरान कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आईं।

दोस्त और महिला पर लगा आरोप

जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि लड़की के लापता होने के मामले में उसके परिचित राकेश यादव और एक महिला सोनू बंजारा की भूमिका संदिग्ध है। पुलिस के मुताबिक, दोनों ने कथित तौर पर लड़की को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले जाने और फिर उसे बेचने की साजिश रची।

पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि लड़की को बड़नगर निवासी संजय पाटीदार के पास भेजा गया था। इसके बाद वहां लड़की और संजय पाटीदार की शादी होने की जानकारी सामने आई।

बड़नगर से बरामद हुई लड़की

लड़की की तलाश में जुटी पुलिस को सूचना मिली कि वह उज्जैन जिले के बड़नगर में है। इसके बाद पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए उसे बरामद कर लिया।

पुलिस ने लड़की को सुरक्षित अपने कब्जे में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। नाबालिग होने के कारण उसके बयान दर्ज किए जा रहे हैं और मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।

परिवार ने दर्ज कराई थी गुमशुदगी

जानकारी के अनुसार, लड़की के अचानक गायब होने के बाद परिवार ने काफी तलाश की, लेकिन जब उसका कोई पता नहीं चला तो उन्होंने बाणगंगा पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई।

पुलिस ने शिकायत के आधार पर जांच शुरू की और लड़की के संपर्क में रहने वाले लोगों से पूछताछ की। जांच के दौरान संदिग्धों की जानकारी सामने आई और पुलिस को लड़की तक पहुंचने में सफलता मिली।

तीन लाख रुपये में बेचने का आरोप

पुलिस के अनुसार, शुरुआती जांच में यह आरोप सामने आया है कि लड़की को तीन लाख रुपये में बेचा गया था। हालांकि पूरे मामले की पुष्टि के लिए पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है और लेन-देन से जुड़े तथ्यों की जांच की जा रही है।

पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस मामले में और कितने लोग शामिल हैं और लड़की को किस परिस्थिति में बड़नगर ले जाया गया।

आरोपियों से पूछताछ जारी

मामले में पुलिस संदिग्ध आरोपियों से पूछताछ कर रही है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि लड़की को ले जाने की योजना कैसे बनाई गई और इसमें किस-किस की भूमिका रही।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि नाबालिग की सुरक्षा और मामले की निष्पक्ष जांच को प्राथमिकता दी जा रही है।

बाल सुरक्षा को लेकर चिंता

यह मामला नाबालिग बच्चों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है। विशेषज्ञों का कहना है कि बच्चों और किशोरों को बहला-फुसलाकर अपराधों में फंसाने की घटनाओं को रोकने के लिए परिवार और समाज को सतर्क रहने की जरूरत है।

ऐसे मामलों में समय पर शिकायत दर्ज कराना और पुलिस को पूरी जानकारी देना बेहद महत्वपूर्ण होता है, ताकि पीड़ित को जल्द से जल्द सुरक्षित बरामद किया जा सके।

आगे की कार्रवाई पर नजर

फिलहाल पुलिस ने लड़की को बरामद कर लिया है और मामले में आगे की कार्रवाई जारी है। आरोपियों के खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस अब इस पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने में जुटी है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि लड़की को कैसे ले जाया गया और इस मामले में शामिल सभी लोगों की भूमिका क्या थी।

इंदौर के बाणगंगा क्षेत्र से सामने आया यह मामला नाबालिगों को निशाना बनाने वाले अपराधों की गंभीरता को उजागर करता है। पुलिस की कार्रवाई के बाद अब सभी की नजर जांच की आगे की प्रगति और आरोपियों के खिलाफ होने वाली कानूनी कार्रवाई पर है।

Tags:    

Similar News