Business : शेयर बाजार में टेलीकॉम उपकरण बनाने वाली कंपनी HFCL लिमिटेड का शेयर निवेशकों के बीच चर्चा में है। साल 2026 में अब तक शेयर में करीब 272 फीसदी की तेजी दर्ज किए जाने की खबर है। इस तेजी के साथ शेयर 2008 के बाद के अपने सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच गया है। इसी बीच घरेलू ब्रोकरेज फर्म नुवामा इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने कंपनी पर कवरेज शुरू करते हुए इसे ‘बाय’ रेटिंग दी है। ब्रोकरेज ने अगले 12 महीनों के लिए शेयर का टारगेट प्राइस 380 रुपये तय किया है।
नुवामा का मानना है कि कंपनी का कारोबार पारंपरिक टेलीकॉम परियोजनाओं से आगे बढ़कर नेटवर्किंग उत्पादों, ऑप्टिकल फाइबर और डेटा सेंटर कनेक्टिविटी जैसे क्षेत्रों में मजबूत हो रहा है। इसके अलावा निर्यात कारोबार और रक्षा क्षेत्र में विस्तार भी कंपनी की संभावनाओं को बेहतर बना सकते हैं।
₹380 का टारगेट, 56% तक संभावित बढ़त
नुवामा इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने HFCL के शेयर पर ‘बाय’ रेटिंग के साथ 380 रुपये का लक्ष्य मूल्य तय किया है। 16 अक्टूबर 2026 की रिपोर्ट में ब्रोकरेज ने करीब 244 रुपये के संदर्भ भाव के आधार पर इस टारगेट में लगभग 56 फीसदी की संभावित बढ़त का अनुमान जताया था।
ब्रोकरेज ने कंपनी के कारोबार में आ रहे बदलाव, मजबूत ऑर्डर बुक और भविष्य में संभावित कमाई को अपने सकारात्मक नजरिये का आधार बनाया है। हालांकि, टारगेट प्राइस विश्लेषकों का अनुमान होता है। शेयर बाजार में वास्तविक कीमत इससे कम या ज्यादा हो सकती है और निवेशकों को नुकसान भी उठाना पड़ सकता है।
डेटा सेंटर और AI से बढ़ सकती है मांग
HFCL के कारोबार के लिए डेटा सेंटर और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जुड़ा बाजार महत्वपूर्ण अवसर बन सकता है। दुनिया भर में AI आधारित सेवाओं और कंप्यूटिंग क्षमता का विस्तार होने से डेटा सेंटर के बुनियादी ढांचे पर निवेश बढ़ रहा है। ऐसे केंद्रों में सर्वर, नेटवर्क और अलग-अलग उपकरणों को जोड़ने के लिए तेज और भरोसेमंद कनेक्टिविटी की जरूरत होती है।
ऑप्टिकल फाइबर इस व्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा है। नुवामा के अनुसार, डेटा सेंटर की बढ़ती जरूरतें ऑप्टिकल फाइबर और नेटवर्किंग उत्पादों की मांग को सहारा दे सकती हैं। कंपनी का उत्पाद आधारित कारोबार बढ़ने से उसकी कमाई की संरचना में भी सुधार होने की संभावना है।
हालांकि, इस अवसर का वास्तविक फायदा कंपनी को कितना मिलेगा, यह भविष्य के ऑर्डर, उत्पादन क्षमता, ग्राहकों की मांग और परियोजनाओं को समय पर पूरा करने पर निर्भर करेगा।
उत्पाद आधारित कारोबार पर कंपनी का जोर
नुवामा की रिपोर्ट के अनुसार, HFCL ने अपने कारोबार को पारंपरिक टर्नकी परियोजनाओं से आगे बढ़ाकर टेलीकॉम और नेटवर्किंग उत्पादों पर अधिक केंद्रित किया है। रिपोर्ट में बताया गया कि वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में कंपनी के राजस्व में उत्पादों की हिस्सेदारी करीब 83 फीसदी थी, जबकि वित्त वर्ष 2021 में यह लगभग 27 फीसदी थी।
यह बदलाव कंपनी के लिए अहम माना जा रहा है, क्योंकि उत्पादों की बिक्री और निर्यात से कारोबार को अलग-अलग बाजारों में विस्तार देने का अवसर मिल सकता है। ऑप्टिकल फाइबर केबल, टेलीकॉम नेटवर्किंग उपकरण और अन्य संबंधित उत्पाद कंपनी के कारोबार के प्रमुख हिस्से हैं।
ब्रोकरेज का अनुमान है कि वित्त वर्ष 2026 से वित्त वर्ष 2029 के बीच कंपनी का राजस्व सालाना चक्रवृद्धि दर से करीब 39 फीसदी, EBITDA 68 फीसदी और कर के बाद समायोजित मुनाफा 92 फीसदी की दर से बढ़ सकता है। ये नुवामा के अनुमान हैं, कंपनी के सुनिश्चित वित्तीय परिणाम नहीं।
मजबूत ऑर्डर बुक से कारोबार को सहारा
HFCL के लिए ऑर्डर बुक भी निवेशकों की नजर में महत्वपूर्ण है। नुवामा की रिपोर्ट में कंपनी की ऑर्डर बुक करीब 26,700 करोड़ रुपये बताई गई है। ब्रोकरेज के मुताबिक, इससे आने वाले समय में कारोबार और राजस्व की संभावनाओं को सहारा मिल सकता है।
कंपनी ने सरकारी और निजी क्षेत्र की टेलीकॉम परियोजनाओं में काम किया है। भारतनेट जैसे कार्यक्रमों के तहत फाइबर नेटवर्क बिछाने और निजी टेलीकॉम कंपनियों के लिए परियोजनाएं पूरी करना भी इसके कारोबार का हिस्सा रहा है। निर्यात ऑर्डर कंपनी को घरेलू बाजार से आगे बढ़ने का अवसर देते हैं।
हालांकि, ऑर्डर बुक का बड़ा होना अपने आप में मुनाफे की गारंटी नहीं है। ऑर्डर को समय पर पूरा करना, लागत पर नियंत्रण रखना और ग्राहकों से भुगतान प्राप्त करना भी उतना ही जरूरी है।
रक्षा कारोबार में विस्तार की भी उम्मीद
टेलीकॉम के अलावा रक्षा क्षेत्र में विस्तार को भी HFCL के लिए संभावित विकास कारक माना जा रहा है। नुवामा का अनुमान है कि कंपनी के रक्षा कारोबार का योगदान आने वाले वर्षों में बढ़ सकता है। ब्रोकरेज ने इस क्षेत्र में कंपनी की विस्तार योजनाओं को अपनी सकारात्मक रिपोर्ट में शामिल किया है।
रक्षा उपकरणों और संबंधित तकनीक की मांग से कंपनी को कारोबार में विविधता लाने का अवसर मिल सकता है। हालांकि, इस क्षेत्र में परियोजनाओं की समयसीमा, तकनीकी जरूरतें और सरकारी खरीद की प्रक्रिया जैसे पहलू भी परिणामों को प्रभावित कर सकते हैं।
निवेशकों के लिए क्या हैं जोखिम?
शेयर में पहले से बड़ी तेजी आ चुकी है। ऐसे में केवल पुराने रिटर्न या ब्रोकरेज के टारगेट को देखकर निवेश का फैसला करना जोखिम भरा हो सकता है। नुवामा ने भी वैश्विक डेटा सेंटर निवेश में सुस्ती और कंपनी की ऑप्टिकल फाइबर निर्माण क्षमता बढ़ाने की योजना में देरी को प्रमुख जोखिमों में शामिल किया है।
इसके अलावा कंपनी के वित्तीय नतीजे, कर्ज, नकदी प्रवाह, प्रतिस्पर्धा और ऑर्डर पूरे करने की क्षमता पर नजर रखना जरूरी है। तेजी के बाद शेयर में उतार-चढ़ाव भी बढ़ सकता है।
कुल मिलाकर, HFCL को लेकर नुवामा का नजरिया सकारात्मक है। डेटा सेंटर, AI, ऑप्टिकल फाइबर, निर्यात और रक्षा कारोबार से कंपनी को आगे बढ़ने के अवसर मिल सकते हैं। लेकिन निवेशकों को कंपनी के ताजा वित्तीय आंकड़ों और अपने जोखिम उठाने की क्षमता के आधार पर फैसला करना चाहिए। यह खबर निवेश सलाह नहीं है।