World वर्ल्ड: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा लगाए गए नए टैरिफ के चलते वैश्विक मंदी की आशंका ने चांदी की कीमतों पर सीधा असर डाला है। शुक्रवार को चांदी की कीमतें आठ सप्ताह के निचले स्तर पर आ गईं। निवेशकों के बीच औद्योगिक मांग को लेकर चिंता बढ़ गई है, जिससे बाजार में बेचैनी देखी जा रही है।
चांदी का इस्तेमाल सिर्फ आभूषणों में ही नहीं, बल्कि इलेक्ट्रॉनिक्स और सोलर पैनल जैसे औद्योगिक उत्पादों में भी बड़े पैमाने पर होता है। सिल्वर इंस्टीट्यूट के अनुसार, 2024 में वैश्विक स्तर पर चांदी की मांग लगभग 700.2 मिलियन ट्रॉय आउंस आंकी गई थी, जिसमें से आधे से अधिक हिस्सेदारी औद्योगिक जरूरतों की है।
अमेरिका द्वारा विभिन्न देशों पर लगाए गए टैरिफ के चलते अंतरराष्ट्रीय व्यापार प्रभावित हुआ है, और इसका असर औद्योगिक उत्पादन पर भी पड़ सकता है। नतीजतन, चांदी की मांग में गिरावट की संभावना के चलते इसकी कीमतों में तेज गिरावट दर्ज की गई है। बाजार विशेषज्ञ आने वाले दिनों में और उतार-चढ़ाव की आशंका जता रहे हैं।