अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने शनिवार को घोषणा की कि 3 फरवरी से 12 फरवरी के बीच उन्होंने सीरिया में Daesh (ISIS) के 30 से अधिक ठिकानों पर सैन्य हमले किए। यह अभियान आतंकवाद के खिलाफ चल रहे वैश्विक प्रयासों का हिस्सा है, जिसमें Daesh के इंफ्रास्ट्रक्चर और हथियार स्टोरेज को निशाना बनाया गया।
CENTCOM के अनुसार, हमलों का मुख्य उद्देश्य Daesh की कमांड स्ट्रक्चर और हथियार भंडारण को नष्ट करना था, जिससे संगठन की ऑपरेशनल क्षमताओं पर बड़ा असर पड़े। यह अभियान अमेरिकी और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा हितों को ध्यान में रखते हुए किया गया। बयान में कहा गया कि हमले सटीक और लक्षित थे, और किसी भी नागरिक हानि से बचने के लिए सभी सावधानियां बरती गईं।
सैन्य अधिकारियों ने बताया कि इन हमलों में एयर स्ट्राइक, ड्रोन ऑपरेशंस और इन-स्ट्रक्चर टारगेटिंग का इस्तेमाल किया गया। Daesh के ठिकानों में हथियार, विस्फोटक और अन्य सैन्य संसाधन पाए गए, जिन्हें नष्ट कर दिया गया। CENTCOM ने यह भी कहा कि यह अभियान अमेरिकी सेना की मध्यपूर्व में निरंतर निगरानी और टोर्चिंग ऑपरेशंस का हिस्सा है।
अमेरिकी अधिकारियों ने यह साफ किया कि इन हमलों का मकसद केवल Daesh के सैन्य ठिकानों को नुकसान पहुँचाना था और किसी भी तरह के नागरिक नुकसान से बचने के लिए मिशन को सावधानीपूर्वक अंजाम दिया गया। CENTCOM ने कहा कि संगठन की ओर से कोई प्रतिकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई और हमले अपेक्षित रूप से सफल रहे।
सीरिया में Daesh के खिलाफ यह अभियान पिछले कुछ महीनों में जारी अमेरिकी और अंतरराष्ट्रीय सैन्य प्रयासों का हिस्सा है। CENTCOM ने कहा कि उनका फोकस केवल आतंकवादी ढांचों और हथियार भंडार पर है, जिससे संगठन की बढ़ती गतिविधियों को रोका जा सके।
सैन्य विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के हमले Daesh के पुनर्गठन और नए हमलों की योजना बनाने की क्षमता को प्रभावित कर सकते हैं। पिछले साल भी अमेरिकी और सहयोगी सेनाओं ने कई बार Daesh के ठिकानों पर हमले किए थे, जिससे संगठन की नियंत्रण क्षमता कई क्षेत्रों में कम हुई थी।
CENTCOM के प्रवक्ता ने बताया कि ये हमले अमेरिकी सेना की रणनीति के अनुरूप थे, जिसमें Daesh के नेता, हथियार भंडार और प्रशिक्षण कैंपों को प्राथमिकता दी गई। उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिकी सेना क्षेत्र में निगरानी और रीकॉन्सेंस ऑपरेशंस को लगातार जारी रखेगी ताकि किसी भी नए खतरे का समय पर पता लगाया जा सके।
साइरिया में पिछले वर्षों से Daesh के कई ठिकानों पर अमेरिकी और सहयोगी देशों की हवाई और भूमि कार्रवाई हुई है। CENTCOM ने इस बार भी यह सुनिश्चित किया कि ऑपरेशन स्थानीय नागरिकों को सुरक्षित रखते हुए निष्पादित किया गया। विशेषज्ञों के अनुसार, यह अभियान संगठन की सैन्य शक्ति को कमजोर करने और क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण है।
कुल मिलाकर, अमेरिकी सेंट्रल कमांड के इस अभियान ने Daesh के 30 से अधिक ठिकानों को नष्ट कर उनके ऑपरेशनल नेटवर्क पर गंभीर प्रभाव डाला है। CENTCOM ने कहा कि अमेरिकी और सहयोगी सेनाएं आतंकवाद के खिलाफ लगातार सतर्क रहेंगी और किसी भी नए खतरे से निपटने के लिए तैयार रहेंगी।
इस अभियान के परिणामस्वरूप Daesh के हथियार भंडार और प्रशिक्षण क्षमताओं को काफी नुकसान हुआ है। अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई आतंकवादियों के लिए संदेश है कि वे अपने हिंसक ऑपरेशंस में सुरक्षित नहीं हैं और अंतरराष्ट्रीय समुदाय उनके खिलाफ सख्त कदम उठाता रहेगा।