France फ्रांस : इस समय भीषण गर्मी का कहर देखने को मिल रहा है, जिसने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। तापमान में लगातार बढ़ोतरी के चलते अस्पतालों और आपातकालीन सेवाओं पर दबाव काफी बढ़ गया है। कई इलाकों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच गया है, जिससे स्वास्थ्य संबंधी आपात स्थितियों में तेज़ी से बढ़ोतरी हुई है।पब्लिक हेल्थ एजेंसी Public Health France ने रविवार को जारी बयान में बताया कि 24 जून से अब तक देश में सामान्य दिनों की तुलना में लगभग 1,000 से अधिक अतिरिक्त मौतें दर्ज की गई हैं। एजेंसी के अनुसार, यह स्थिति विशेष रूप से उन क्षेत्रों में गंभीर रही है, जहां ‘रेड हीट अलर्ट’ जारी किया गया था।
इन प्रभावित क्षेत्रों में इले-डी-फ्रांस, नुवेल-अकितेन, ब्रिटनी, सेंटर-वैल डी लॉयर, नॉर्मंडी और पेस डी ला लॉयर जैसे क्षेत्र शामिल हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, इन मौतों में लगभग 85 प्रतिशत मामले 65 वर्ष या उससे अधिक उम्र के बुजुर्गों के हैं, जो गर्मी के प्रति अधिक संवेदनशील माने जाते हैं।इस सप्ताह फ्रांस के 30 से अधिक विभागों में रेड हीट अलर्ट लागू किया गया था। सबसे अधिक तापमान बुधवार को दर्ज किया गया, जिसे इस अवधि का सबसे गर्म दिन माना जा रहा है। उस दिन 24 घंटे का औसत तापमान लगभग 30 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा, जबकि कई इलाकों में इससे कहीं अधिक तापमान रिकॉर्ड किया गया।
भीषण गर्मी के कारण देश में इमरजेंसी कॉल और अस्पताल में भर्ती होने वाले मरीजों की संख्या में भी तेजी से वृद्धि देखी गई है। स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों को विशेष सावधानी बरतने, पर्याप्त पानी पीने और अत्यधिक गर्मी में बाहर निकलने से बचने की सलाह दी है।विशेषज्ञों का कहना है कि जलवायु परिवर्तन के कारण यूरोप में इस तरह की हीटवेव की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, जिससे भविष्य में और गंभीर स्थिति पैदा हो सकती है। फिलहाल प्रशासन राहत और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने में जुटा हुआ है, ताकि प्रभावित लोगों को तुरंत मदद मिल सके।