राइफल जाम होने से टला मंदिर पर हमला, राजा कृष्णमूर्ति ने जताई गहरी चिंता
परिवार के साथ पूजा कर रहे थे सांसद कृष्णमूर्ति
वाशिंगटन: अमेरिका के इलिनॉय राज्य के ऑरोरा स्थित हिंदू मंदिर पर सामूहिक गोलीबारी की कथित कोशिश के मामले में भारतीय मूल के अमेरिकी सांसद राजा कृष्णमूर्ति ने चिंताजनक खुलासा किया है। उन्होंने बताया कि जिस समय मंदिर को निशाना बनाने की कोशिश हुई, उस वक्त वह अपने परिवार के साथ वहां पूजा कर रहे थे। कृष्णमूर्ति ने घटना पर भय और गहरी चिंता व्यक्त करते हुए भारतीय मूल के लोगों के खिलाफ नफरत तथा श्वेत वर्चस्ववादी विचारधारा का एकजुट होकर सामना करने की अपील की है।
यह मामला रविवार, 11 अक्टूबर का है। अभियोजकों के अनुसार, 19 वर्षीय आरोपी अलेक्जेंड्रोस पापोराकिस ने मंदिर में भारतीय मूल के लोगों को निशाना बनाने की कोशिश की थी। हालांकि, उसकी राइफल कथित तौर पर जाम हो गई और वह गोली नहीं चला सका। इसलिए सामने आई जानकारी के अनुसार यह सामूहिक गोलीबारी की कोशिश का मामला है।
कृष्णमूर्ति ने अपने बयान में कहा कि वह इस बात से भयभीत हैं कि जिस मंदिर में उनका परिवार पूजा करता है, उसी स्थान पर भारतीय अमेरिकियों को निशाना बनाने की कोशिश हुई। उन्होंने ऐसी धमकियों को गंभीरता से लेने की आवश्यकता बताई। सांसद ने कहा कि कार्रवाई करने के लिए निर्दोष लोगों की जान जाने का इंतजार नहीं किया जा सकता। उनके अनुसार, प्रत्येक व्यक्ति को बिना भय के जीवन जीने और अपनी आस्था का पालन करने का अधिकार मिलना चाहिए।
आरोपी की गिरफ्तारी में उसके सहकर्मियों से मिली सूचना महत्वपूर्ण रही। अभियोजन पक्ष के मुताबिक, आरोपी ने कथित कोशिश के बारे में सहकर्मियों को बताया और दोबारा मंदिर जाने की योजना साझा की। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। अधिकारियों ने उसे दोबारा वहां पहुंचने से पहले गिरफ्तार कर लिया। कृष्णमूर्ति ने सूचना देने वाले सहकर्मियों का आभार जताया और हस्तक्षेप करने वाले पुलिस अधिकारियों की सराहना की।
जांच में आरोपी के नाम पंजीकृत वाहन के मंदिर की पार्किंग में पहुंचने की जानकारी भी सामने आई है। पुलिस के अनुसार, वाहन रविवार दोपहर वहां आया और लगभग 13 मिनट तक परिसर में रहा। आरोपी पर आतंकवादी धमकी देने और गैरकानूनी रूप से हथियार रखने के आरोप लगाए गए हैं। वह हिरासत में है और उसकी अगली अदालती पेशी 30 अक्टूबर निर्धारित है। आरोपों पर न्यायिक प्रक्रिया जारी है। ऑरोरा के श्री वेंकटेश्वर स्वामी बालाजी मंदिर के प्रबंधन ने सुरक्षा संबंधी खतरे के बाद अतिरिक्त इंतजाम किए हैं। मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं, कर्मचारियों और स्वयंसेवकों की सुरक्षा को प्राथमिकता बताते हुए सुरक्षा उपस्थिति बढ़ाने की जानकारी दी। संबंधित अधिकारियों के साथ संपर्क भी बनाए रखा गया है। घटना के खुलासे के बाद धार्मिक स्थलों और वहां आने वाले लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ी है।
कृष्णमूर्ति ने कथित हमले की कोशिश की संघीय स्तर पर घृणा अपराध के तौर पर जांच की मांग भी की है। उन्होंने एफबीआई से मामले की जांच करने और धार्मिक संस्थानों की सुरक्षा मजबूत करने पर जोर दिया। सांसद के अनुसार, घटना के बाद श्रद्धालु डरे हुए हैं। उन्होंने धार्मिक आयोजनों के दौरान अतिरिक्त सुरक्षा की आवश्यकता बताने के साथ लोगों से भय को अपनी आस्था पर हावी नहीं होने देने का आग्रह किया। भारत ने भी इस मामले पर चिंता व्यक्त की है। विदेश मंत्रालय ने कथित साजिश के नस्ली और भारत-विरोधी पहलुओं को परेशान करने वाला बताया। मंत्रालय ने अमेरिकी अधिकारियों से गहन जांच, जिम्मेदार लोगों के खिलाफ न्यायिक कार्रवाई और ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाने की अपेक्षा जताई है। भारतीय समुदाय की सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया है।