Sports स्पोर्ट्स: भारतीय क्रिकेट टीम के उभरते युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को लेकर चर्चा लगातार तेज हो रही है। हालांकि टीम के सहायक कोच रयान टेन डोएशेट ने साफ कर दिया है कि 15 वर्षीय बल्लेबाजी प्रतिभा को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण से पहले अन्य खिलाड़ियों की तरह निर्धारित चयन प्रक्रिया से गुजरना होगा। उन्होंने कहा कि वैभव की क्षमता पर किसी को संदेह नहीं है, लेकिन टीम चयन में सभी खिलाड़ियों के लिए समान प्रक्रिया अपनाई जाती है।
आयरलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के लिए वैभव सूर्यवंशी को टीम में जगह नहीं मिलने के फैसले पर काफी चर्चा हुई। यह बहस इसलिए भी बढ़ी क्योंकि मौजूदा टी20 विश्व चैंपियन भारतीय टीम को सीरीज में 0-2 से हार का सामना करना पड़ा। रविवार को खेले गए दूसरे मुकाबले में भारत को एक रन से हार मिली, जिसके साथ ही टीम सीरीज गंवा बैठी।
दूसरे मैच के बाद आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में जब वैभव सूर्यवंशी को टीम में शामिल नहीं किए जाने को लेकर सवाल पूछा गया तो रयान टेन डोएशेट ने कहा कि वैभव अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेलने के लिए पूरी तरह सक्षम हैं। उन्होंने कहा कि इसमें कोई संदेह नहीं है कि युवा बल्लेबाज के पास अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने की प्रतिभा और क्षमता मौजूद है।
हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि टीम चयन केवल प्रतिभा के आधार पर नहीं होता, बल्कि खिलाड़ियों को तय प्रक्रिया और टीम संयोजन के अनुसार अवसर दिए जाते हैं। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि संजू सैमसन उन खिलाड़ियों में शामिल हैं जिन्होंने कुछ महीने पहले भारत को टी20 विश्व कप जिताने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। ऐसे खिलाड़ियों पर टीम प्रबंधन का भरोसा कायम रखना भी जरूरी है।
रयान टेन डोएशेट ने कहा कि खिलाड़ियों के भीतर आत्मविश्वास बनाए रखना टीम प्रबंधन की जिम्मेदारी होती है। यदि किसी खिलाड़ी ने लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है, तो उसे यह भरोसा मिलना चाहिए कि उसे लंबे समय तक खुद को साबित करने का अवसर मिलेगा। उन्होंने कहा कि टीम में स्थिरता बनाए रखना भी उतना ही महत्वपूर्ण है जितना नए खिलाड़ियों को मौका देना।
उन्होंने यह भी याद दिलाया कि सीरीज की शुरुआत में बल्लेबाजी कोच सीतांशु कोटक ने भी इसी विषय पर अपनी राय रखी थी। टेन डोएशेट ने कहा कि पूरा टीम प्रबंधन वैभव सूर्यवंशी को भारतीय टीम की जर्सी में खेलते देखने के लिए उत्साहित है, लेकिन उन्हें भी बाकी खिलाड़ियों की तरह निर्धारित चयन प्रक्रिया से गुजरना होगा। उन्होंने दोहराया कि वैभव की प्रतिभा पर किसी प्रकार का सवाल नहीं है।
वैभव सूर्यवंशी ने घरेलू क्रिकेट और इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में अपने प्रदर्शन से काफी प्रभावित किया है। कम उम्र में उनकी बल्लेबाजी शैली, आत्मविश्वास और बड़े मैचों में खेलने की क्षमता ने क्रिकेट विशेषज्ञों और प्रशंसकों का ध्यान आकर्षित किया है। इसी कारण उन्हें जल्द भारतीय टीम में शामिल किए जाने की मांग भी लगातार उठ रही है।
हालांकि टीम प्रबंधन का मानना है कि किसी भी युवा खिलाड़ी को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उतारने से पहले उसके विकास की प्रक्रिया पूरी होना जरूरी है। इससे खिलाड़ी पर अनावश्यक दबाव नहीं पड़ता और वह लंबे समय तक टीम के लिए बेहतर प्रदर्शन कर सकता है।
भारतीय टीम फिलहाल युवा खिलाड़ियों और अनुभवी क्रिकेटरों के बीच संतुलन बनाने की रणनीति पर काम कर रही है। ऐसे में चयन समिति और कोचिंग स्टाफ का उद्देश्य भविष्य के लिए मजबूत टीम तैयार करना है, जिसमें प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को सही समय पर अवसर दिया जाए।
फिलहाल वैभव सूर्यवंशी के अंतरराष्ट्रीय पदार्पण का इंतजार जारी है। टीम प्रबंधन के ताजा बयान से इतना जरूर स्पष्ट हो गया है कि उनकी प्रतिभा को लेकर कोई संशय नहीं है, लेकिन भारतीय टीम में जगह बनाने के लिए उन्हें भी निर्धारित चयन प्रक्रिया का पालन करना होगा।