ऑकलैंड। भारत और न्यूजीलैंड के बीच खेले जा रहे पहले वनडे मुकाबले में टीम इंडिया ने जीत की ओर मजबूत कदम बढ़ा दिए हैं। बारिश से प्रभावित इस मुकाबले में भारतीय टीम ने 13 ओवर की समाप्ति तक एक विकेट के नुकसान पर 74 रन बना लिए हैं। भारत को जीत के लिए अब केवल 69 रनों की जरूरत है। अनुभवी बल्लेबाज विराट कोहली शानदार लय में दिखाई दे रहे हैं और अपने अर्धशतक के करीब पहुंच गए हैं। वहीं, कप्तान शुभमन गिल भी भारतीय पारी को संभालने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
ऑकलैंड के ईडन पार्क में खेले जा रहे इस मुकाबले में बारिश के कारण कई बार खेल प्रभावित हुआ। न्यूजीलैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 185 रन बनाए थे। इसके जवाब में भारत को शुरुआत में 186 रन का लक्ष्य मिला था, लेकिन बारिश के कारण मैच को घटाकर 32 ओवर प्रति पारी का कर दिया गया। डकवर्थ-लुईस-स्टर्न (DLS) नियम के तहत भारत के सामने 143 रन का संशोधित लक्ष्य रखा गया।
भारत ने संशोधित लक्ष्य का पीछा करते हुए 13 ओवर में 74 रन बना लिए हैं। इस स्थिति में भारतीय टीम को शेष 19 ओवर में 69 रन बनाने हैं। टीम इंडिया को जीत के लिए लगभग 3.63 रन प्रति ओवर की औसत से बल्लेबाजी करनी होगी। यह समीकरण भारतीय टीम के लिए अनुकूल दिखाई दे रहा है। हालांकि, क्रिकेट में लगातार विकेट गिरने की स्थिति में छोटे लक्ष्य भी चुनौतीपूर्ण बन सकते हैं।
भारतीय पारी की शुरुआत उम्मीद के मुताबिक नहीं रही थी। सलामी बल्लेबाज रोहित शर्मा बिना खाता खोले पवेलियन लौट गए। उन्होंने छह गेंदों का सामना किया, लेकिन कोई रन नहीं बना सके। न्यूजीलैंड के तेज गेंदबाज काइल जैमीसन ने उन्हें मिचेल सेंटनर के हाथों कैच कराकर भारत को पहला झटका दिया।
रोहित के आउट होने के बाद कप्तान शुभमन गिल और विराट कोहली ने जिम्मेदारी संभाली। दोनों बल्लेबाजों ने शुरुआत में संभलकर बल्लेबाजी की और न्यूजीलैंड के गेंदबाजों को लगातार विकेट हासिल करने का मौका नहीं दिया। खासकर कोहली ने अपने अनुभव का इस्तेमाल करते हुए स्ट्राइक रोटेट करने और खराब गेंदों पर रन बनाने की रणनीति अपनाई।
विराट कोहली का अर्धशतक के करीब पहुंचना भारतीय टीम के लिए राहत की बात है। लक्ष्य का पीछा करते समय कोहली की बल्लेबाजी हमेशा महत्वपूर्ण मानी जाती है। वह परिस्थितियों के अनुसार अपनी बल्लेबाजी की गति बदलने की क्षमता रखते हैं। इस मुकाबले में भी उनकी कोशिश बिना अनावश्यक जोखिम लिए भारत को जीत तक पहुंचाने की होगी।
दूसरी ओर, शुभमन गिल की भूमिका भी महत्वपूर्ण है। कप्तान होने के साथ-साथ उन्हें शीर्ष क्रम में बल्लेबाजी करते हुए पारी को स्थिरता देनी होती है। रोहित शर्मा के जल्दी आउट होने के बाद गिल और कोहली के बीच बनी साझेदारी ने भारतीय टीम को शुरुआती दबाव से बाहर निकालने में मदद की है।
इससे पहले भारतीय गेंदबाजों ने न्यूजीलैंड की पारी को बड़े स्कोर तक पहुंचने से रोकने में अहम भूमिका निभाई। कप्तान गिल ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया था। भारतीय तेज गेंदबाजों ने शुरुआत से ही मेजबान बल्लेबाजों पर दबाव बनाया और नियमित अंतराल पर विकेट हासिल किए।
अर्शदीप सिंह ने चार विकेट लेकर भारत की ओर से सबसे प्रभावशाली गेंदबाजी प्रदर्शन किया। गुरनूर बराड़ ने तीन विकेट चटकाए, जबकि अंशुल कंबोज ने दो बल्लेबाजों को आउट किया। भारतीय गेंदबाजों की इस सामूहिक मेहनत के कारण न्यूजीलैंड की टीम 40.2 ओवर में 185 रन पर सिमट गई।
न्यूजीलैंड की ओर से टिम सीफर्ट ने 38 रन बनाए। ब्लेयर टिकनर ने 34 रनों की उपयोगी पारी खेली। ग्लेन फिलिप्स ने 30 और डेरिल मिचेल ने 28 रनों का योगदान दिया। हालांकि, कोई भी बल्लेबाज अपनी शुरुआत को बड़े स्कोर में नहीं बदल सका। लगातार विकेट गिरने के कारण न्यूजीलैंड की टीम भारतीय गेंदबाजों के सामने बड़ी साझेदारी नहीं बना पाई।
बारिश ने इस मुकाबले को रोमांचक बना दिया है। पहले जहां भारतीय टीम को 186 रन बनाने थे, वहीं संशोधित लक्ष्य के बाद जीत का समीकरण बदल गया। भारत ने 13 ओवर में 74 रन बनाकर मजबूत स्थिति हासिल कर ली है। अब शेष 69 रन बनाने के लिए भारतीय बल्लेबाजों के पास पर्याप्त गेंदें उपलब्ध हैं।
न्यूजीलैंड के सामने सबसे बड़ी चुनौती भारतीय बल्लेबाजों की साझेदारी तोड़ने की है। यदि मेजबान टीम अगले कुछ ओवरों में विकेट हासिल नहीं करती, तो मुकाबला उसके हाथ से निकल सकता है। काइल जैमीसन सहित न्यूजीलैंड के अन्य गेंदबाजों को सटीक लाइन और लेंथ के साथ गेंदबाजी करनी होगी।
वहीं, भारतीय टीम के लिए जरूरी है कि वह लक्ष्य को आसान समझकर जल्दबाजी न करे। विराट कोहली और शुभमन गिल यदि इसी तरह संयमित बल्लेबाजी जारी रखते हैं, तो भारत के लिए मुकाबला जीतना आसान हो सकता है। टीम इंडिया के पास मध्यक्रम में भी कई बल्लेबाजी विकल्प मौजूद हैं।
फिलहाल 13 ओवर के बाद भारत का स्कोर 74/1 है। जीत के लिए 69 रन और बनाने हैं। विराट कोहली अर्धशतक के करीब हैं और भारतीय टीम की नजर बिना किसी बड़े झटके के लक्ष्य हासिल करने पर टिकी हुई है। अब देखना होगा कि कोहली अपना अर्धशतक पूरा कर भारत को जीत तक पहुंचाते हैं या न्यूजीलैंड के गेंदबाज मुकाबले में वापसी करने में सफल होते हैं।