शक संवत 1948, भाद्रपद, शुक्ल, दशमी, सोमवार, विक्रम संवत् 2083। तदनुसार अंग्रेजी तारीख 21 सितंबर सन् 2026 ई॰। सूर्य दक्षिणायन, शरद ऋतु। राहुकाल सुबह 07 बजकर 30 मिनट से 09 बजकर 00 मिनट तक। दशमी तिथि रात्रि 08 बजकर 00 मिनट तक उपरांत एकादशी तिथि का आरंभ।

उत्तराषाढ़ा नक्षत्र पूरी रात्रि तक रहेगा। शोभन योग सायं 04 बजकर 06 मिनट तक उपरांत अतिगण्ड योग का आरंभ। तैतिल करण प्रातः 06 बजकर 58 मिनट तक उपरांत गरज करण का आरंभ। चन्द्रमा प्रातः 11 बजकर 15 मिनट तक धनु राशि पर उपरांत मकर राशि पर संचार करेगा।

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सूर्य और चंद्रमा की स्थिति

सूर्योदय का समय: प्रातः 06:09 बजे

सूर्यास्त का समय: सायं 06:19 बजे

चंद्रोदय का समय: दोपहर 03:16 बजे

चंद्रास्त का समय: मध्यरात्रि के बाद 01:39 बजे (22 सितंबर)

सूर्य और चंद्रमा की राशियां

सूर्य देव: कन्या राशि में स्थित हैं

चन्द्र देव: धनु राशि में (प्रातः 11:15 बजे तक), फिर मकर राशि में प्रवेश

आज का शुभ मुहूर्त 21 सितंबर 2026 :

अभिजीत मुहूर्त : दोपहर 11 बजकर 50 मिनट से 12 बजकर 38 मिनट तक रहेगा।

अमृत काल : मध्यरात्रि के बाद 12 बजकर 02 मिनट से तड़के 01 बजकर 48 मिनट (22 सितंबर) तक रहेगा।

आज का चौघड़िया मुहूर्त 21 सितंबर 2026 :

अमृत (सर्वोत्तम) : सुबह 06 बजकर 09 मिनट से 07 बजकर 40 मिनट तक।

काल (सामान्य) : सुबह 07 बजकर 40 मिनट से 09 बजकर 11 मिनट तक।

शुभ (उत्तम) : सुबह 09 बजकर 11 मिनट से 10 बजकर 43 मिनट तक।

रोग (सामान्य) : सुबह 10 बजकर 43 मिनट से दोपहर 12 बजकर 14 मिनट तक।

आज का अशुभ मुहूर्त 21 सितंबर 2026 :

राहुकाल : सुबह 07 बजकर 30 मिनट से 09 बजकर 00 मिनट तक रहेगा।

गुलिक काल : दोपहर 01 बजकर 30 मिनट से 03 बजकर 00 मिनट तक रहेगा।

यमगंड : सुबह 10 बजकर 30 मिनट से दोपहर 12 बजकर 00 मिनट तक रहेगा।

आज का उपाय : आज सोमवार के दिन भगवान शिव की विधिवत पूजा करें, शिवलिंग पर जल और बेलपत्र अर्पित करें तथा ॐ नमः शिवाय मंत्र का जाप करें।


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