ईरान से टकराव पड़ा भारी अमेरिका में डीजल ने तोड़ा महंगाई का रिकॉर्ड
तेल की जंग में फंसा अमेरिका डीजल कीमतों ने बढ़ाई ट्रंप की टेंशन
Washington. वॉशिंगटन। ईरान के साथ बढ़ते तनाव और होर्मुज जलडमरूमध्य संकट का असर अब अमेरिका के ऊर्जा बाजार पर दिखाई देने लगा है। अमेरिका में डीजल की कीमतें रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई हैं, जिससे महंगाई बढ़ने का खतरा पैदा हो गया है। ईंधन की बढ़ती कीमतों ने उपभोक्ताओं, ट्रांसपोर्ट सेक्टर, किसानों और कारोबारियों की चिंता बढ़ा दी है।
अमेरिकी ऑटोमोबाइल एसोसिएशन (AAA) के आंकड़ों के अनुसार, 19 सितंबर को अमेरिका में डीजल की राष्ट्रीय औसत कीमत 6.4866 डॉलर प्रति गैलन तक पहुंच गई। यह अब तक का सबसे ऊंचा स्तर बताया जा रहा है। एक सप्ताह पहले डीजल की औसत कीमत करीब 6.16 डॉलर प्रति गैलन थी। यानी कुछ ही दिनों में कीमतों में लगभग 33 सेंट यानी करीब 5.3 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
डीजल की कीमतों में यह उछाल ऐसे समय आया है, जब अमेरिका ईरान के साथ संघर्ष और वैश्विक तेल आपूर्ति को लेकर दबाव का सामना कर रहा है। होर्मुज जलडमरूमध्य से जुड़ी स्थिति ने अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार में अनिश्चितता बढ़ा दी है। यह समुद्री मार्ग वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है।
एक साल में 75 प्रतिशत तक बढ़े डीजल के दाम
AAA के आंकड़ों के मुताबिक, अमेरिका में डीजल की मौजूदा कीमत पिछले साल की तुलना में काफी ज्यादा है। एक साल पहले राष्ट्रीय औसत कीमत करीब 3.71 डॉलर प्रति गैलन थी, जबकि अब यह 6.48 डॉलर के पार पहुंच चुकी है। इसका मतलब है कि एक साल के भीतर डीजल की कीमतों में करीब 75 प्रतिशत तक बढ़ोतरी हुई है। ईरान और अमेरिका के बीच बढ़े तनाव के बाद ऊर्जा बाजार में उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। संघर्ष से पहले फरवरी में अमेरिका में डीजल की औसत कीमत करीब 3.75 डॉलर प्रति गैलन थी। इसके बाद कीमतों में लगातार तेजी दर्ज की गई।
कैलिफोर्निया में सबसे महंगा डीजल
अमेरिका के अलग-अलग राज्यों में डीजल की कीमतों में बड़ा अंतर देखने को मिल रहा है। AAA के अनुसार, कैलिफोर्निया में डीजल सबसे महंगा है। यहां औसत कीमत 8.4161 डॉलर प्रति गैलन तक पहुंच गई है, जो राष्ट्रीय औसत से करीब दो डॉलर ज्यादा है। ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी का सीधा असर ट्रांसपोर्ट और सप्लाई चेन पर पड़ता है। ट्रक चालकों को अधिक खर्च उठाना पड़ रहा है, जिसका असर सामान की कीमतों पर भी पड़ सकता है। किसानों और छोटे कारोबारियों के लिए भी महंगा डीजल परेशानी बढ़ाने वाला माना जा रहा है।
होर्मुज संकट से बढ़ी वैश्विक चिंता
होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल व्यापार मार्गों में शामिल है। इस रास्ते से बड़ी मात्रा में कच्चे तेल और गैस की आपूर्ति होती है। क्षेत्र में तनाव बढ़ने से वैश्विक ऊर्जा बाजार पर दबाव बढ़ा है। मध्य पूर्व में उत्पादन और निर्यात प्रभावित होने की आशंका के चलते तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी है। इसके अलावा अन्य देशों में ऊर्जा ढांचे पर असर और आपूर्ति संबंधी बाधाओं ने भी स्थिति को जटिल बनाया है।
अमेरिकी प्रशासन के लिए बढ़ती ईंधन कीमतें एक बड़ी चुनौती बन गई हैं, क्योंकि महंगा ईंधन आम लोगों के खर्च को बढ़ा सकता है और महंगाई पर दबाव डाल सकता है। ऊर्जा बाजार में स्थिरता लाने के लिए अमेरिका समेत कई देश हालात पर नजर बनाए हुए हैं।