हैदराबाद: हैदराबाद में एक पुलिस उप-निरीक्षक (एसआई) को छापेमारी के दौरान जब्त की गई ड्रग का कुछ हिस्सा छिपाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। साइबराबाद पुलिस कमिश्नरेट के साइबर क्राइम स्टेशन में कार्यरत सब-इंस्पेक्टर के. राजेंद्र ने अपने पास लगभग 1,775 ग्राम एमडीएमए रखा था। इसे वह कथित तौर पर बेचने की कोशिश कर रहे थे।
पुलिस अधिकारी हाल ही में एक साइबर अपराध मामले के सिलसिले में महाराष्ट्र गए थे और कुछ संदिग्धों को पकड़ा था। संदिग्धों के घर की तलाशी के दौरान उनके हाथ एमडीएमए ड्रग वाला पैकेट लग गया और उन्होंने उसे अपने पास रख लिया था। जब्त सामान के बारे में उन्होंने उच्च अधिकारियों को नहीं बताया। इसकी जानकारी मिलने पर तेलंगाना राज्य एंटी-नारकोटिक्स ब्यूरो (टीएसएनएबी) ने जांच शुरू की। अधिकारियों ने टीएसएनएबी के निदेशक और हैदराबाद पुलिस आयुक्त सी.वी. आनंद को एक रिपोर्ट सौंपी।
एसआई के खिलाफ रायदुर्गम पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया था। पुलिस ने उनके घर से ड्रग जब्त कर शनिवार को उन्हें गिरफ्तार कर लिया। उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। एसआई को पहले भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा था। वह तब रायदुर्गम पुलिस स्टेशन में एसआई के रूप में कार्यरत थे।
सितंबर 2022 में उन्हें मामले में दोषी ठहराया गया और दो साल की सजा सुनाई गई। उन्हें सेवा से बर्खास्त करने के आदेश जारी कर दिये गये। हालांकि, एसआई ने ऊपरी अदालत से स्टे ले लिया। बाद में उन्हें साइबर क्राइम विंग में स्थानांतरित कर दिया गया था।
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