पटवारी का शर्मनाक वीडियो वायरल, बुजुर्ग की पीठ पर बैठकर पार किया नाला
कार्रवाई की मांग ने पकड़ा जोर.
सीधी: मध्य प्रदेश के सीधी जिले से सरकारी कर्मचारी के कथित अमानवीय व्यवहार का एक वीडियो सामने आने के बाद हड़कंप मच गया है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में एक पटवारी कथित तौर पर नाला पार करने के लिए बुजुर्ग ग्रामीण की पीठ पर सवार नजर आ रहा है। वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में नाराजगी बताई जा रही है और पटवारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठ रही है।
नाला पार करने के लिए बुजुर्ग की पीठ का लिया सहारा
मामला सीधी जिले की ग्राम पंचायत माटा के हल्का क्षेत्र का बताया जा रहा है। वायरल वीडियो में नजर आ रहे व्यक्ति की पहचान हल्का पटवारी नीलेश नामदेव के तौर पर बताई गई है। रिपोर्ट के मुताबिक, पटवारी किसी काम के सिलसिले में क्षेत्र में गया था।
इसी दौरान रास्ते में पानी से भरा हुआ नाला आने की बात सामने आई। आरोप है कि नाले को खुद पार करने के बजाय पटवारी ने गांव के एक बुजुर्ग ग्रामीण ललबा केवट की मदद ली। वायरल वीडियो में बुजुर्ग व्यक्ति पानी के बीच आगे बढ़ता दिखाई देता है, जबकि पटवारी उसकी पीठ पर बैठा हुआ नजर आता है।
इस वीडियो के सामने आने के बाद यह मामला तेजी से सोशल मीडिया पर फैल गया। वीडियो को लेकर लोग तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं और सरकारी पद पर बैठे व्यक्ति के व्यवहार पर सवाल उठा रहे हैं।
वीडियो वायरल होते ही ग्रामीणों में नाराजगी
घटना का वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर नाराजगी की बात कही जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि किसी बुजुर्ग व्यक्ति के साथ इस तरह का व्यवहार उसकी गरिमा से जुड़ा गंभीर सवाल है। लोगों ने संबंधित अधिकारी के खिलाफ जांच और कार्रवाई की मांग की है।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों की ओर से भी मामले को गंभीरता से लेने की मांग सामने आई है। ग्रामीणों का कहना है कि सरकारी कर्मचारियों से आम लोगों के साथ सम्मानजनक व्यवहार की उम्मीद की जाती है। ऐसे में अगर वायरल वीडियो में दिखाई दे रही घटना सही है, तो इसकी जांच कर उचित कार्रवाई होनी चाहिए।
सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहा वीडियो
घटना से जुड़ा वीडियो सोशल मीडिया के अलग-अलग प्लेटफॉर्म पर तेजी से शेयर किया जा रहा है। वीडियो में दिखाई दे रहे घटनाक्रम को लेकर यूजर्स भी अपनी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। हालांकि, वायरल वीडियो के आधार पर सामने आए दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
वीडियो में दिखाई देने वाले व्यक्ति की पहचान पटवारी नीलेश नामदेव के रूप में बताई जा रही है, लेकिन पूरे मामले की वास्तविक परिस्थितियां क्या थीं, यह जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। यह भी महत्वपूर्ण है कि वीडियो किस समय और किन परिस्थितियों में बनाया गया, इसकी आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।
कार्रवाई की मांग ने पकड़ा जोर
इस मामले में ग्रामीणों और स्थानीय लोगों की मुख्य मांग यही है कि पूरे घटनाक्रम की जांच कराई जाए। लोगों का कहना है कि अगर सरकारी कर्मचारी ने बुजुर्ग ग्रामीण के साथ जानबूझकर ऐसा व्यवहार किया है, तो उसके खिलाफ विभागीय स्तर पर सख्त कदम उठाया जाना चाहिए।
फिलहाल वायरल वीडियो ने सीधी जिले में प्रशासनिक व्यवस्था और सरकारी कर्मचारियों के आम लोगों के प्रति व्यवहार को लेकर चर्चा तेज कर दी है। मामले में प्रशासन की ओर से आधिकारिक जांच या कार्रवाई को लेकर जो भी जानकारी सामने आएगी, उससे घटना की पूरी तस्वीर और स्पष्ट हो सकेगी।
वायरल वीडियो में दिखाई दे रहे घटनाक्रम को लेकर सोशल मीडिया पर भले ही तरह-तरह के दावे किए जा रहे हों, लेकिन किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले प्रशासनिक जांच और संबंधित पक्ष का आधिकारिक बयान सामने आना जरूरी है। फिलहाल मामला वीडियो वायरल होने और कार्रवाई की मांग तक सीमित है।