New Delhi. नई दिल्ली। बिहार विधानसभा चुनाव के नतीजे के अब तक के रुझानों में एनडीए ने "160 पार" का आंकड़ा हासिल कर लिया है. 243 सदस्यीय विधानसभा में बहुमत का आंकड़ा 121 है, और एनडीए इससे कहीं ज्यादा सीटों पर बढ़त बनाए हुए हैं. दूसरी तरफ, महागठबंधन अपने पिछले प्रदर्शन से भी पिछड़ गया है. नरेंद्र मोदी ने गमछा घुमाकर जीत का जश्न मनाया है।
बिहार विधानसभा चुनाव के नतीजों ने राजनीतिक माहौल को हाई वोल्टेज बना दिया है। सुबह 8 बजे शुरू हुई मतगणना के शुरुआती रुझानों ने यह संकेत दे दिया कि राज्य की जनता ने एक बार फिर एनडीए पर भरोसा जताया है। दोपहर 2:30 बजे तक आए रुझानों में एनडीए गठबंधन 204 सीटों पर आगे हो गया था, जबकि महागठबंधन 39–47 सीटों के बीच सिमटता नजर आया। कुल 243 सीटों वाली विधानसभा में बहुमत का आंकड़ा 121 है, जिसे एनडीए ने शुरुआती दो घंटों में ही पार कर लिया।
बीजेपी बनी सबसे बड़ी पार्टी, जेडीयू भी मजबूत स्थिति में
नवीनतम रुझानों के अनुसार भाजपा 92 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है, जबकि जदयू 81 सीटों के साथ “बड़े भाई” की ओर बढ़ती दिख रही है। एलजेपी (RV) 21 सीटों पर और अन्य सहयोगी दल 9 सीटों पर आगे हैं। इस प्रदर्शन ने साफ कर दिया कि बिहार में एनडीए की पकड़ और मज़बूत हो चुकी है। महागठबंधन की बात करें तो आरजेडी 26–30 सीटों पर सिमटती नजर आई, जबकि कांग्रेस केवल 4–5 सीटों तक ही सीमित रह गई। वीआईपी के पास शून्य सीटें दिख रही हैं।
नीतीश कुमार का बड़ा संदेश — “जनता का आशीर्वाद, प्रधानमंत्री मोदी का समर्थन”
चुनावी रुझानों में भारी बहुमत सामने आने के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने एक्स पर पोस्ट कर जनता का आभार जताया। उन्होंने कहा: “बिहार विधानसभा चुनाव–2025 में राज्यवासियों ने हमें भारी बहुमत देकर हमारी सरकार के प्रति विश्वास जताया है। सभी मतदाताओं को मेरा नमन और धन्यवाद। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के सहयोग के लिए आभार। एनडीए गठबंधन ने पूरी एकजुटता दिखाई। बिहार को विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल करवाने का संकल्प और मजबूत हुआ है।” नीतीश कुमार की इस पोस्ट ने यह भी संकेत दिया कि गठबंधन के भीतर मुख्यमंत्री पद को लेकर किसी तरह की उलझन नहीं है।
रामनाथ ठाकुर बोले — “नीतीश थे, हैं और रहेंगे मुख्यमंत्री”
केंद्रीय मंत्री रामनाथ ठाकुर की मुख्यमंत्री आवास पहुंचकर नीतीश कुमार से मुलाकात ने सुबह ही राजनीतिक हलचल तेज कर दी थी। मुलाकात के बाद जब पत्रकारों ने उनसे सवाल पूछा कि क्या फिर से नीतीश मुख्यमंत्री होंगे, तो उन्होंने साफ कहा: “नीतीश कुमार थे, हैं और रहेंगे।” इस बयान ने एनडीए के भीतर नेतृत्व को लेकर जारी चर्चाओं पर विराम लगा दिया।
तेज प्रताप यादव का बड़ा हमला — “तेजस्वी फेलस्वी हो गए”
आरजेडी खेमे में मतगणना के बीच ही हलचल बढ़ गई। लालू यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव ने अपने भाई तेजस्वी यादव पर तीखी टिप्पणी की। उन्होंने कहा: “जयचंदों ने आरजेडी को बर्बाद कर दिया। तेजस्वी फेलस्वी हो गए। बिहार में सुशासन की जीत हुई है, अब परिवारवाद की राजनीति नहीं चलेगी।” तेज प्रताप ने पीएम मोदी और नीतीश कुमार की भी प्रशंसा की।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिया बयान — “सुशासन और विकास की जीत”
जब एनडीए की सीटें 160 के पार पहुंच गईं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक्स पर पोस्ट साझा करते हुए लिखा: “सुशासन की जीत हुई है। विकास की जीत हुई है। बिहार की जनता का बहुत-बहुत आभार। यह प्रचंड जनादेश हमें बिहार के लिए नए संकल्पों के साथ काम करने की शक्ति देता है।” शाम होते-होते पीएम मोदी दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने कार्यकर्ताओं का अभिवादन करते हुए गमछा लहराया।
मोकामा से बड़ी खबर — अनंत सिंह ने दर्ज की जीत
मोकामा विधानसभा सीट से जेडीयू उम्मीदवार अनंत सिंह ने जीत दर्ज की। उन्हें 91,416 वोट मिले, जबकि आरजेडी उम्मीदवार वीणा देवी पीछे रह गईं। यह एनडीए के लिए एक महत्वपूर्ण जीत मानी जा रही है।
सीटों की रोचक लड़ाई — कई जगह कांटे की टक्कर
पटना, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, गया और भोजपुर की कई सीटों पर 500–2000 वोटों के अंतर तक मुकाबले बदलते रहे। इन सीटों ने दोनों गठबंधनों की धड़कनें बढ़ा दीं।
लेफ्ट दल भी इस बार मजबूत दावेदार बने। CPI(ML), CPI और CPM कई सीटों पर BJP, JDU और RJD नेताओं को कड़ी टक्कर दे रहे हैं। वर्ष 2020 में लेफ्ट ने 12 सीटें जीती थीं। इस बार भी रुझान कमज़ोर ध्यान नहीं दिखा रहे।
त्रिकोणीय मुकाबले: तेज प्रताप, लखीसराय और अन्य सीटें चर्चा में
महुआ में तेज प्रताप यादव त्रिकोणीय मुकाबले में नजर आए। लखीसराय में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा का कांग्रेस और JSP उम्मीदवार से कड़ा मुकाबला रहा।
कुछ सीटों पर चौकोर मुकाबला भी दिखा, जहां LJP (RV), JSP और AIMIM ने लड़ाई को दिलचस्प बना दिया।
रिकॉर्ड मतदान ने बनाया चुनाव को ऐतिहासिक
इस चुनाव में 66.91% मतदान हुआ, जो 1951 के बाद सबसे ज्यादा है। महिलाओं व युवाओं की भागीदारी ने भी नतीजों को काफी प्रभावित किया है।
एनडीए की बैठक — सरकार गठन की तैयारी तेज
दोपहर के बाद मुख्यमंत्री आवास पर एनडीए की अहम बैठक हुई। इसमें सम्राट चौधरी समेत कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए। बैठक में सरकार गठन और भविष्य की रणनीतियों पर चर्चा की गई।