युवती से बदसलूकी का पुराना वीडियो वायरल, एक गिरफ्तार, बाकी की तलाश जारी
जांच जारी.
किशनगंज: बिहार में युवतियों और महिलाओं से बदसलूकी के वीडियो सामने आने के बीच किशनगंज जिले से भी एक पुराना मामला सामने आया है। दिघलबैंक थाना क्षेत्र के तुलसिया हॉल्ट रेलवे स्टेशन से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की।
वीडियो में कुछ युवक एक युवती को घेरते और उसके साथ कथित तौर पर बदसलूकी करते दिखाई दे रहे हैं। पुलिस ने तकनीकी जांच के आधार पर घटना में शामिल युवकों की पहचान की है। इनमें से एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है।
किशनगंज पुलिस के अनुसार, 24 और 25 सितंबर की दरम्यानी रात करीब 12:30 बजे तुलसिया हॉल्ट रेलवे स्टेशन के पास एक युवती के साथ मारपीट और बदसलूकी से संबंधित वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने की सूचना पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार को मिली थी। पुलिस ने वीडियो का अवलोकन करने के साथ ही तकनीकी जांच शुरू की। जांच के दौरान घटना में शामिल आरोपियों की पहचान की गई। मामले में युवती के आवेदन के आधार पर दिघलबैंक थाने में कांड संख्या 246/26, दिनांक 25 सितंबर के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई।
घटना की गंभीरता को देखते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष अनुसंधान दल (एसआईटी) का गठन किया गया। एसआईटी ने तकनीकी साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध जानकारी के आधार पर आरोपियों की पहचान करने के बाद उनकी गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने बताया कि प्राथमिकी अभियुक्त शहजाद, उम्र 21 वर्ष, पिता शब्बीर, निवासी जागीर दहीभात, थाना दिघलबैंक, जिला किशनगंज को पुलिस टीम ने दिघलबैंक से गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद उससे घटना के संबंध में आवश्यक पूछताछ की जा रही है।
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ और अनुसंधान के दौरान सामने आने वाले तथ्यों तथा उपलब्ध तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने कहा है कि घटना में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए एसआईटी लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी और दबिश दे रही है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, कुछ आरोपियों के बिहार से बाहर होने की भी जानकारी सामने आई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए भी प्रयास किए जा रहे हैं।
किशनगंज पुलिस ने स्पष्ट किया कि वायरल वीडियो के आधार पर मामले की जांच की जा रही है और घटना में शामिल सभी आरोपियों के खिलाफ उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे घटना को लेकर किसी भी तरह की अफवाह या भ्रामक सूचना पर भरोसा न करें। पुलिस ने आम लोगों से यह भी कहा है कि सोशल मीडिया पर प्रसारित होने वाले अपुष्ट वीडियो या सूचनाओं को आगे साझा करने से बचें। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई लगातार की जा रही है।