Manipur मणिपुर: नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) ने मणिपुर में 2023 में हुए चर्चित एसडीपीओ हत्या मामले में बड़ी सफलता हासिल करते हुए एक प्रमुख आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान ओतखोथांग बैते उर्फ ओथांग बैते के रूप में हुई है, जो मणिपुर के तेंगनौपाल जिले के मोरेह का रहने वाला है। एनआईए के अनुसार, आरोपी संदिग्ध कुकी उग्रवादी समूह से जुड़ा हुआ है और मोरेह में पुलिस टीम पर हुए घातक हमले की साजिश में उसकी अहम भूमिका थी। यह हमला 31 अक्टूबर 2023 को उस समय हुआ था, जब राज्य में जातीय हिंसा चरम पर थी।
हमले के दौरान उग्रवादियों ने मोरेह के एक खेल मैदान में तैनात जिला पुलिस टीम पर अचानक फायरिंग कर दी थी। इस हमले में एसडीपीओ चिंगथम आनंदकुमार सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उनके पेट में गोली लगी थी और इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी। इस हमले का उद्देश्य राज्य में दहशत फैलाना और सुरक्षा बलों को निशाना बनाना था। इस मामले की शुरुआत में जांच मोरेह पुलिस थाने में दर्ज की गई थी, लेकिन बाद में मार्च 2024 में एनआईए ने केस को अपने हाथ में लेकर केस नंबर RC-02/2024/NIA/IMP के तहत जांच शुरू की। जांच के दौरान एजेंसी को पता चला कि ओतखोथांग बैते इस साजिश को अंजाम देने में सक्रिय रूप से शामिल था।
इससे पहले एनआईए ने इस केस में कामगिनथांग गांगते नामक एक अन्य आरोपी को भी गिरफ्तार किया था। गुरुवार को पकड़े गए ओतखोथांग बैते से फिलहाल पूछताछ जारी है और उसके अन्य सहयोगियों व उग्रवादी संगठनों के नेटवर्क की भी जांच की जा रही है। एनआईए ने इस गिरफ्तारी को मणिपुर में सुरक्षा बलों पर हमलों की जांच में बड़ी कामयाबी बताया है। एजेंसी का कहना है कि राज्य में शांति बहाल करने और आतंकवादी गतिविधियों पर लगाम लगाने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। गौरतलब है कि मई 2023 से मणिपुर में जारी जातीय हिंसा के दौरान सुरक्षा बलों और आम नागरिकों पर कई हमले हो चुके हैं। एनआईए इन सभी मामलों की गहन जांच कर रही है ताकि दोषियों को कड़ी सजा दिलाई जा सके।