24 इंजीनियरों के खिलाफ FIR दर्ज, अब EOW करेगी कार्रवाई

बड़ी खबर

Update: 2021-09-19 06:49 GMT

DEMO PIC 

कानपुर। जेएनएनयूआरएम (JNNURM) के तहत शहर में बिछाई गई पाइपलाइन (Pipeline) में बड़ा घोटाला सामने आया है. पाइपलाइन बिछाने का यह काम शुरू से ही विवादों में रहा, जिसकी कई बार शिकायत के बाद अधिकारियों ने जांच की. घटिया पेयजल पाइप लाइन जिसको लेकर हंगामा भी हुआ. इसके बाद जल निगम के प्रोजेक्ट मैनेजर बैराज इकाई शमीम अख्तर ने 24 अभियंताओं के खिलाफ फजलगंज थाने में मुकदमा दर्ज कराया है. जिन 24 अभियंताओं पर यह मुकदमा दर्ज हुआ है उनमें से 16 रिटायर हो चुके हैं. आरोपियों में मुख्य अभियंता, अधीक्षण अभियंता परियोजना, प्रबंधक परियोजना अभियंता, सहायक परियोजना अभियंता शामिल हैं.

पेयजल पाइप लाइन को बिछाने में 870 करोड़ रुपये योजना पर खर्च हुए. जब यह कार्य कराया जा रहा था तो उस समय संबंधित अभियंता, अवर अभियंता, प्रोजेक्ट मैनेजर ने घटिया पाइपलाइन लगाने वाले ठेकेदार पर न तो अंकुश लगाया और न ही उसकी जांच रिपोर्ट बनाई. जिसके बाद जब इसमें घोटाले के आरोप लगे तो इसको लेकर जांच शुरू की गई. करोड़ों रुपये के इस कार्य में इन अभियंताओं पर लगभग 870 करोड़ रुपये के कार्य में बंदरबांट होने का आरोप लगा. घटिया पाइपलाइन लगाई गई. जोहर पांच से 15 मीटर के बीच लाइन लीकेज निकली, जिसके बाद परियोजना प्रबंधक अभिनव खिलाफ फजलगंज में मुकदमा दर्ज कराया.

इस पूरे मामले पर एडिशनल डीसीपी डॉक्टर अनिल कुमार ने बताया गंगा बैराज इकाई के अधिकारी द्वारा सदर थाने में तहरीर दी गई और मुकदमा दर्ज कराया गया. डॉ अनिल ने बताया कि यह मामला एक करोड़ रुपये से अधिक का है, इसलिए विवेचक ने अपनी रिपोर्ट में एक करोड़ से ज्यादा के मामले की बात का जिक्र किया है. इसे इकॉनामिक ऑफेंस विंग को भेजने के लिए कार्यवाही की जा रही है.

Tags:    

Similar News

-->