चंडीगढ़: पंजाब कांग्रेस में विधानसभा चुनाव से पहले संगठनात्मक बदलाव की प्रक्रिया तेज हो गई है। अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष यानी PCC चीफ के पद से इस्तीफा दे दिया है। कांग्रेस हाईकमान की ओर से राज्य संगठन में नेतृत्व परिवर्तन का फैसला किए जाने की जानकारी सामने आने के बाद यह घटनाक्रम हुआ है। अब पंजाब कांग्रेस को नया प्रदेश अध्यक्ष मिलने की तैयारी है।
राजा वड़िंग ने वर्ष 2022 में पंजाब कांग्रेस की कमान संभाली थी। करीब साढ़े चार साल तक उन्होंने प्रदेश अध्यक्ष के तौर पर संगठन का नेतृत्व किया। हाल के महीनों में पंजाब कांग्रेस के भीतर नेतृत्व को लेकर खींचतान की खबरें सामने आती रही थीं। पार्टी के कई नेताओं की ओर से प्रदेश अध्यक्ष बदलने की मांग भी उठाई गई थी।
सितंबर की शुरुआत में कांग्रेस हाईकमान ने पंजाब के लिए सचिन पायलट को नया AICC प्रभारी नियुक्त किया था। उन्होंने राज्य के नेताओं और जिला स्तर के पदाधिकारियों से संगठन को लेकर व्यापक चर्चा की। रिपोर्टों के मुताबिक, पायलट ने कई नेताओं से बातचीत के बाद संगठन की स्थिति पर हाईकमान को फीडबैक दिया था। इसके बाद प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष में बदलाव की प्रक्रिया आगे बढ़ी।
अब सबसे बड़ा सवाल नए PCC चीफ को लेकर है। पूर्व मंत्री और कांग्रेस नेता विजय इंदर सिंगला का नाम प्रमुख संभावित दावेदारों में शामिल है। इसके अलावा सुखजिंदर सिंह रंधावा, गुरजीत सिंह औजला, परगट सिंह और सुखबिंदर सिंह सरकारिया समेत कई नेताओं के नाम भी चर्चा में हैं। हालांकि, कांग्रेस हाईकमान की ओर से अभी नए प्रदेश अध्यक्ष के नाम की औपचारिक घोषणा नहीं की गई है।
विजय इंदर सिंगला पहले पंजाब सरकार में कैबिनेट मंत्री रह चुके हैं और कांग्रेस संगठन में भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाल चुके हैं। जून में उन्होंने पंजाब कांग्रेस में संभावित संगठनात्मक बदलाव को लेकर कहा था कि हाईकमान जल्द फैसला कर सकता है। उस समय उन्होंने राजा वड़िंग को हटाए जाने की अटकलों पर टिप्पणी करने से इनकार किया था।
पंजाब में आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए कांग्रेस के लिए यह बदलाव महत्वपूर्ण संगठनात्मक घटनाक्रम माना जा रहा है। पार्टी अब नए प्रदेश अध्यक्ष के जरिए संगठन की कमान किसे सौंपती है, इस पर सभी की नजरें हैं। अंतिम फैसला कांग्रेस हाईकमान की आधिकारिक घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगा।