उत्तर प्रदेश। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मां को लेकर अभद्र शब्दों के इस्तेमाल के मामले पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि संबंधित लड़की और उसके माता-पिता ने बाद में गलती स्वीकार की और लड़की ने माफी मांग ली। सीएम योगी ने युवाओं को भटकाने की कोशिशों पर भी चिंता जताई और अगले छह महीनों में एक लाख युवाओं को सरकारी नियुक्ति-पत्र देने की बात कही।
पीएम मोदी की मां को लेकर टिप्पणी पर बोले सीएम योगी
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दिल्ली में छात्रों के प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मां के लिए कथित तौर पर अभद्र शब्दों का इस्तेमाल किए जाने के मामले पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि जिस लड़की ने यह टिप्पणी की थी, उसने बाद में अपनी गलती स्वीकार कर माफी मांग ली।सीएम योगी ने अपने संबोधन के दौरान इस घटना का जिक्र करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री की माता के लिए अभद्र शब्दों का इस्तेमाल किया गया था। हालांकि, बाद में लड़की और उसके माता-पिता ने इस बात को स्वीकार किया कि उससे गलती हुई थी। इसके बाद लड़की ने माफी भी मांगी। मुख्यमंत्री ने इस घटना को युवाओं को भटकाने की कोशिश से जोड़ते हुए कहा कि देश के युवाओं को गलत दिशा में ले जाने के प्रयास चिंताजनक हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर कुछ लोग देश के युवाओं के भविष्य को क्यों बर्बाद करना चाहते हैं।
युवाओं को भटकाने की कोशिश पर योगी ने जताई चिंता
सीएम योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में युवाओं के भविष्य को लेकर चिंता जाहिर की। उन्होंने कहा कि कुछ ताकतें युवाओं को गुमराह करने का प्रयास कर रही हैं। इसी संदर्भ में उन्होंने ‘अर्बन नक्सलियों’ का जिक्र करते हुए सवाल किया कि वे भारत के भविष्य को बर्बाद करने की कोशिश क्यों कर रहे हैं। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि युवाओं की ऊर्जा और उनकी क्षमता देश के निर्माण में इस्तेमाल होनी चाहिए। उनके मुताबिक, युवा देश के भविष्य की सबसे महत्वपूर्ण ताकत हैं और उन्हें भटकाने के बजाय सही दिशा में आगे बढ़ने का अवसर मिलना चाहिए। पीएम मोदी की मां को लेकर हुई टिप्पणी का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि संबंधित लड़की और उसके परिवार ने बाद में अपनी गलती को स्वीकार किया। उन्होंने कहा कि गलती मानने के बाद लड़की ने माफी मांग ली।
राहुल गांधी पर भी साधा निशाना
अपने संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर भी निशाना साधा। हालांकि उन्होंने इस दौरान राहुल गांधी का नाम सीधे तौर पर नहीं लिया। सीएम योगी ने कहा कि विपक्ष के एक जिम्मेदार नेता से बेहतर आचरण की उम्मीद की जाती है। उन्होंने कहा कि एक जिम्मेदार नेता प्रतिपक्ष के तौर पर उनसे अपेक्षा थी कि वह अपनी जिम्मेदारियों को निभाएंगे, लेकिन उन्होंने खुद को अपनी जिम्मेदारियों से अलग कर लिया। योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में अमेठी और रायबरेली का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इन क्षेत्रों की जनता राजनीतिक घटनाक्रमों को समझती रही है और समय-समय पर अपना फैसला भी देती रही है। इस दौरान मुख्यमंत्री के बयान में विपक्ष की भूमिका और उसके राजनीतिक आचरण को लेकर भी सवाल उठाए गए। उन्होंने जिम्मेदार विपक्ष की भूमिका को लोकतांत्रिक व्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा बताया।
छह महीने में एक लाख युवाओं को नौकरी देने का ऐलान
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में युवाओं को रोजगार देने को लेकर भी बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार अगले छह महीनों में एक लाख और युवाओं को सरकारी नियुक्ति-पत्र देगी। सीएम योगी ने कहा कि सरकारी भर्ती प्रक्रिया में बिना भेदभाव के चयन करना, आरक्षण के नियमों का पालन करना और योग्यता के आधार पर अभ्यर्थियों का चयन करना बड़ी चुनौती है। उनके मुताबिक, उनकी सरकार ने इस प्रक्रिया को संभव करके दिखाया है। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और मेरिट के आधार पर चयन पर जोर दिया गया है। इसी क्रम में उन्होंने आने वाले छह महीनों में एक लाख युवाओं को सरकारी नियुक्ति देने की बात कही।