एमपी। बाहुबली नेता अतीक अहमद को गुजरात की साबरमती जेल से प्रयागराज लाया जा रहा है. पुलिस के काफिले का रूट लगभग तय हो गया है. शाम 8.15 बजे के बाद ये काफिला राजस्थान की सीमा में पहुंचा. वहां से उदयपुर, कोटा होते हुए शिवपुरी पहुंचा. यहां से काफिला झांसी और चित्रकूट से सीधे प्रयागराज पहुंचेगा. इससे पहले दूसरे रूट अहमदाबाद से इंदौर, गुना, शिवपुरी से झांसी और फिर चित्रकूट से प्रयागराज पहुंचने की संभावना जताई जा रही थी.

साबरमती जेल से अतीक को लेकर लौट रही 45 पुलिसकर्मियों की टीम में सिर्फ 5 अधिकारियों के पास ही मोबाइल फोन है. इनमें IPS अभिषेक भारती, एक अन्य IPS और 3 डीएसपी शामिल हैं. जिस वज्र वाहन में अतीक सवार है, उसमें तैनात किसी पुलिसकर्मी के पास मोबाइल नहीं है. इन 5 अफसरों को छोड़कर सभी पुलिसकर्मियों के मोबाइल पहले ही जब्त किए जा चुके हैं.

अतीक को साबरमती जेल से लाने के लिए यूपी पुलिस की टीम रविवार सुबह ही गुजरात पहुंच गई थी. दरअसल, अतीक और उसका भाई अशरफ उमेश पाल हत्याकांड में भी आरोपी हैं. अतीक के भाई और पूर्व विधायक अशरफ की बात करें तो वह बरेली जेल में कैद है. उसे सोमवार सुबह 10 बजे यहां से प्रयागराज ले जाया जाएगा. मंगलवार को कोर्ट में उसकी पेशी होनी है. अतीक के साथ अशरफ को भी ट्रायल का सामना करना होगा. उमेश पाल के अपहरण मामले में अतीक आरोपी है. प्रयागराज के पुलिस आयुक्त रमित शर्मा ने बताया कि प्रयागराज की कोर्ट में मामले में 28 मार्च को फैसला आना है. सभी अभियुक्तों को फैसले की तारीख पर कोर्ट में पेश किया जाना है और फिर वापस उन्हें संबंधित जेलों में भेजा जाएगा. एमपी-एमएलए कोर्ट ने 23 मार्च को सुनवाई पूरी करने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया था और अतीक को पेश करने का आदेश दिया था. अगर अतीक को दोषी पाया गया और सजा सुनाई गई तो ये पहला केस होगा, जिसमें उसे सजा मिलेगी. अतीक पर 100 से ज्यादा केस हैं.


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