मैदान में दौड़ते समय 9वीं के छात्र की मौत, बेटे के गम में मां ने सरयू नदी में कूदकर दी जान
पिथौरागढ़। उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है। वड्डा क्षेत्र के झौलखेत खेल मैदान में शनिवार सुबह दौड़ते समय कक्षा नौवीं के छात्र जतिन की अचानक तबीयत बिगड़ गई। वह मैदान में दौड़ते हुए गश खाकर गिर पड़ा। छात्र को तत्काल उपचार के लिए जिला अस्पताल ले जाया गया, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उसकी मौत हो गई। बेटे की मौत की खबर से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। बाद में उसकी मां ने सरयू नदी में कूदकर जान दे दी।
एक ही परिवार में कुछ समय के अंतराल में मां-बेटे की मौत से पूरे इलाके में शोक का माहौल है। घटना की जानकारी मिलने के बाद स्थानीय लोग भी स्तब्ध रह गए। छात्र के पिता सेना में बताए जा रहे हैं। परिवार को एक ही दिन में दो सदस्यों को खोना पड़ा।
मैदान में दौड़ रहा था जतिन
जानकारी के अनुसार शनिवार सुबह जतिन वड्डा क्षेत्र के झौलखेत खेल मैदान में दौड़ रहा था। इसी दौरान अचानक उसकी तबीयत बिगड़ी और वह गश खाकर मैदान में गिर पड़ा। वहां मौजूद लोगों ने छात्र को संभाला और उसकी हालत गंभीर देखकर तत्काल अस्पताल ले जाने की व्यवस्था की।
जतिन को जिला अस्पताल ले जाया जा रहा था, लेकिन उसकी हालत लगातार गंभीर बनी रही। अस्पताल पहुंचने से पहले ही उसकी मौत हो गई। छात्र की अचानक मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया।
नौवीं कक्षा का छात्र था जतिन
जतिन कक्षा नौवीं में पढ़ता था। कम उम्र में अचानक हुई उसकी मौत ने परिवार के साथ उसके परिचितों को भी झकझोर दिया। सुबह तक सामान्य रूप से मैदान में दौड़ रहे छात्र की कुछ ही समय बाद मौत की खबर मिलने से हर कोई स्तब्ध रह गया।
छात्र की मौत का वास्तविक चिकित्सकीय कारण आधिकारिक जांच या मेडिकल रिपोर्ट से ही स्पष्ट हो सकेगा। दौड़ते समय अचानक गिरने के आधार पर मौत के कारण के बारे में कोई निश्चित निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा।
बेटे की मौत की खबर से मां को गहरा सदमा
जतिन की मौत की सूचना उसकी मां को मिली तो वह गहरे सदमे में चली गईं। बेटे को खोने का दुख वह सहन नहीं कर सकीं। इसके बाद उन्होंने कथित तौर पर सरयू नदी में छलांग लगा दी। घटना की जानकारी मिलते ही उनकी तलाश शुरू की गई।
बाद में मां की भी मौत की पुष्टि हुई। कुछ ही घंटों के भीतर मां और बेटे की मौत ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। परिजनों और रिश्तेदारों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
एक तरफ परिवार जतिन की अचानक हुई मौत से उबर भी नहीं पाया था कि उसकी मां की मौत की खबर सामने आ गई। दो मौतों के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है। स्थानीय लोगों के लिए भी घटना पर विश्वास करना मुश्किल हो रहा है।
जतिन के पिता सेना में कार्यरत बताए जा रहे हैं। घटना की सूचना उन्हें भी दी गई। परिवार के घर पर परिचितों और आसपास के लोगों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। स्थानीय लोगों ने घटना पर दुख जताते हुए परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की।
इलाके में शोक का माहौल
मां-बेटे की मौत की खबर वड्डा क्षेत्र और आसपास के इलाकों में फैलते ही शोक की लहर दौड़ गई। जतिन को जानने वाले छात्र और स्थानीय लोग भी घटना से स्तब्ध हैं। बेहद कम उम्र में छात्र की अचानक मौत और उसके बाद मां द्वारा उठाए गए कदम ने लोगों को झकझोर दिया है।
घटना के बाद संबंधित अधिकारी और पुलिस भी मामले से जुड़ी जानकारी जुटा रहे हैं। छात्र की मौत किन परिस्थितियों में हुई और मां के नदी में कूदने से जुड़े घटनाक्रम की भी जांच की जा रही है।
छात्र की मौत की वजह होगी स्पष्ट
जतिन की मौत के वास्तविक कारण को लेकर चिकित्सकीय रिपोर्ट महत्वपूर्ण होगी। दौड़ते समय अचानक बेहोश होकर गिरने के कई चिकित्सकीय कारण हो सकते हैं, इसलिए बिना जांच इसे किसी खास बीमारी या स्थिति से जोड़ना उचित नहीं है।
यदि पोस्टमार्टम या अन्य मेडिकल जांच की जाती है तो उसकी रिपोर्ट से मौत की वजह के बारे में स्थिति स्पष्ट हो सकती है। पुलिस भी आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कर सकती है।
कुछ ही घंटों में उजड़ा परिवार
शनिवार की सुबह शुरू हुई यह घटना कुछ ही समय में परिवार के लिए दोहरी त्रासदी में बदल गई। पहले नौवीं कक्षा में पढ़ने वाले जतिन की अचानक मौत हुई और फिर बेटे की मौत के सदमे के बीच उसकी मां की जान चली गई।
पिथौरागढ़ में सामने आई इस घटना ने पूरे क्षेत्र को दुखी कर दिया है। अब प्रशासन और पुलिस की जांच के बाद घटनाक्रम से जुड़े अन्य तथ्य स्पष्ट होने की उम्मीद है।