सावन में अयोध्या में मछली भोज पर असहमति कांग्रेस के कार्यक्रम पर संतों का विरोध
अयोध्या : उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय के अयोध्या दौरे के दौरान आयोजित एक स्वागत कार्यक्रम को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो के बाद अयोध्या में सियासी और धार्मिक बहस तेज हो गई है। दावा किया जा रहा है कि अजय राय के स्वागत में आयोजित कार्यक्रम में मछली भोज का आयोजन किया गया, जिसको लेकर कई संतों और स्थानीय लोगों ने नाराजगी जताई है।
बताया जा रहा है कि अजय राय के अयोध्या आगमन पर स्थानीय कांग्रेस नेताओं की ओर से स्वागत कार्यक्रम रखा गया था। यह आयोजन हनुमानगढ़ी क्षेत्र के पास स्थित एक मैरिज लॉन में किया गया था। कार्यक्रम से जुड़े वीडियो सामने आने के बाद विवाद शुरू हुआ, जिसमें मछली पकाने और लोगों के जुटने के दृश्य दिखाई दे रहे हैं।
सावन महीने में आयोजन को लेकर संतों की नाराजगी
अयोध्या धार्मिक आस्था का बड़ा केंद्र है और सावन महीने में बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं। इसी दौरान मछली भोज के आयोजन को लेकर कुछ संतों ने आपत्ति जताई है। संतों का कहना है कि सावन जैसे पवित्र महीने में और धार्मिक नगरी अयोध्या में इस तरह का आयोजन लोगों की भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला है।
संतों ने आरोप लगाया कि कांवड़ मार्ग के पास इस तरह का आयोजन करना उचित नहीं था। उन्होंने इसे सनातन परंपराओं और धार्मिक भावनाओं से जोड़ते हुए विरोध जताया और आयोजकों से जवाब मांगा।
कांग्रेस नेता ने दी सफाई
विवाद बढ़ने के बाद कांग्रेस की ओर से सफाई भी सामने आई है। आयोजकों का कहना है कि भोजन करना हर व्यक्ति का अधिकार है और इसे किसी धर्म या राजनीति से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए। उनका कहना है कि निषाद समाज में मछली पकड़ना और खाना पारंपरिक जीवनशैली का हिस्सा रहा है।
कांग्रेस नेताओं ने यह भी कहा कि कार्यक्रम का उद्देश्य स्वागत और सामाजिक मेलजोल था। उन्होंने किसी की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने की मंशा से इनकार किया है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
इस पूरे मामले की शुरुआत उस वीडियो से हुई जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ। वीडियो में कुछ लोगों को मछली लाते और पकाने की तैयारी करते हुए देखा गया। इसके बाद लोगों ने अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देना शुरू कर दिया।
कुछ लोगों ने इसे भोजन की स्वतंत्रता से जोड़कर देखा, जबकि कुछ लोगों ने धार्मिक भावनाओं का हवाला देते हुए इसका विरोध किया। देखते ही देखते यह मामला राजनीतिक बहस का मुद्दा बन गया।
अजय राय का अयोध्या दौरा और सियासत
अजय राय का अयोध्या दौरा पहले से ही राजनीतिक नजरिए से महत्वपूर्ण माना जा रहा था। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष लगातार अयोध्या से जुड़े मुद्दों को लेकर भाजपा सरकार पर सवाल उठाते रहे हैं। हाल के दिनों में अयोध्या से जुड़े कई मामलों को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी तेज रही है।
ऐसे में स्वागत कार्यक्रम में हुए मछली भोज को लेकर उठा विवाद राजनीतिक रंग भी लेता दिखाई दे रहा है। भाजपा समर्थक और विरोधी दलों के नेता इस मुद्दे पर अपनी-अपनी प्रतिक्रिया दे रहे हैं।
धार्मिक आस्था और भोजन की स्वतंत्रता पर बहस
यह विवाद एक बार फिर भोजन की पसंद और धार्मिक भावनाओं के बीच संतुलन को लेकर बहस शुरू कर रहा है। भारत में अलग-अलग क्षेत्रों और समुदायों की अपनी-अपनी खानपान परंपराएं हैं, लेकिन धार्मिक स्थलों से जुड़े क्षेत्रों में आयोजनों को लेकर संवेदनशीलता भी देखी जाती है।
फिलहाल अयोध्या में कांग्रेस के इस कार्यक्रम को लेकर राजनीतिक बयानबाजी जारी है। एक ओर संत और कुछ संगठन विरोध जता रहे हैं, वहीं आयोजक इसे व्यक्तिगत और सांस्कृतिक अधिकार का मामला बता रहे हैं।