Agartala अगरतला: त्रिपुरा की एक अदालत ने अपने परिवार के इकलौते जीवित बचे सदस्य भतीजे की हत्या के जुर्म में दो मामाओं को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी। यह हत्या भतीजे की संपत्ति हड़पने के इरादे से की गई थी।
यह घटना 14 फरवरी, 2022 की रात अगरतला के बाहरी इलाके में स्थित एयरपोर्ट पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में हुई।
पश्चिम त्रिपुरा के जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने आरोपी सुधांशु मित्रा और अमिता मित्रा को भारतीय दंड संहिता की धारा 302 (हत्या), 201 (साक्ष्य मिटाना) और 34 (समान इरादा) के तहत दोषी पाया।
लोक अभियोजक बिस्वजीत देब ने संवाददाताओं को बताया कि दोनों दोषियों पर 10-10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है; जुर्माना न चुकाने पर एक महीने की अतिरिक्त कैद होगी।
मृतक दीपक दास ने बचपन में ही अपने माता-पिता को खो दिया था और वह परिवार की संपत्ति का इकलौता उत्तराधिकारी था। जाँच से पता चला कि आरोपियों ने गला घोंटकर उसकी हत्या की और फिर आत्महत्या का रूप देने के लिए शव को छत से लटका दिया।
मुकदमे के दौरान कुल 25 गवाहों से पूछताछ की गई। सब-इंस्पेक्टर उबैदुल रहमान और इंस्पेक्टर राणा चटर्जी ने जाँच का नेतृत्व किया और मामले में आरोप पत्र दाखिल किया।