हैदराबाद: तेलंगाना उच्च न्यायालय की एक खंडपीठ, जिसमें कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश पी. सैम कोशी और न्यायमूर्ति सुड्डाला चलपति राव शामिल हैं, ने चार वकीलों द्वारा दायर एक जनहित याचिका (PIL) को खारिज कर दिया है। इस याचिका में नए विकाराबाद जिला न्यायालय परिसर के निर्माण के लिए प्रस्तावित जगह को चुनौती दी गई थी।
बंदी नारायण के नेतृत्व में याचिकाकर्ताओं ने राज्य सरकार और अन्य अधिकारियों से मांग की थी कि बिल्लादकला/मेकलागंडी में प्रस्तावित जगह (जिसे 'पोराम्बोके' भूमि के रूप में वर्गीकृत किया गया है) को छोड़ दिया जाए। उन्होंने तर्क दिया कि पूर्व प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीशों ने पहले ही इस जगह को अनुपयुक्त माना था।
उन्होंने कहा कि प्रस्तावित जगह पर काम आगे बढ़ाना मनमाना, गैर-कानूनी और जनहित के खिलाफ है। याचिकाकर्ताओं ने अधिकारियों से अन्य विकल्पों पर विचार करने का आग्रह किया, जिसमें येन्नेपल्ली (सर्वे नंबर 290, 302, 304, 305 और 306) स्थित बागवानी केंद्र (हॉर्टिकल्चर सेंटर) भी शामिल है। उन्होंने दावा किया कि पूर्व प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीशों ने इसी जगह की सिफारिश की थी।