Chennai.चेन्नई: रेलवे मंत्रालय ने घोषणा की है कि 2025-26 में चेन्नई डिवीजन में 11 नए फुट ओवरब्रिज (FOB) चालू किए जाएंगे। यह पहल यात्रियों की सुरक्षा, भीड़ नियंत्रण और रेलवे स्टेशनों पर पैदल यातायात को सुगम बनाने के लिए की जा रही है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, ये फुट ओवरब्रिज शहर और उपनगर के व्यस्त रेलवे स्टेशनों पर बनाए जाएंगे। इन ओवरब्रिज का उद्देश्य पैदल यात्रियों को ट्रेन के प्लेटफॉर्म से सुरक्षित रूप से पार करने में मदद करना है और स्टेशन पर भीड़भाड़ से होने वाली दुर्घटनाओं को कम करना है।
विशेष रूप से, चेन्नई डिवीजन में यात्रियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। दिन-प्रतिदिन यात्रियों की भीड़ को ध्यान में रखते हुए रेलवे ने यह योजना तैयार की है। अधिकारियों ने बताया कि नए फुट ओवरब्रिज उच्च गुणवत्ता वाली स्टील और कंक्रीट संरचना से बनाए जाएंगे, जो दीर्घकालिक उपयोग और सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित करेंगे।
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि इन 11 ओवरब्रिज के निर्माण से प्लेटफॉर्म पर पैदल यात्री और ट्रेन यातायात दोनों का संचालन अधिक सुरक्षित और व्यवस्थित हो जाएगा। साथ ही, यह कदम रेलवे स्टेशनों पर ट्रैफिक जाम और दुर्घटना जोखिम को कम करने में मदद करेगा।
अधिकारी यह भी बता रहे हैं कि नए ओवरब्रिज के साथ-साथ स्टेशन पर मार्गदर्शन संकेत, रेलिंग और रैंप सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। यह सुविधा विशेष रूप से वरिष्ठ नागरिकों, विकलांग व्यक्तियों और बच्चों के लिए उपयोगी साबित होगी।
चेन्नई डिवीजन में रेलवे ने पिछले वर्षों में भी पैदल ओवरब्रिज के निर्माण की योजना बनाई थी। 2025-26 में इस योजना को तेज करने का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि यात्रियों को सुरक्षित, सुविधाजनक और व्यवस्थित यात्रा का अनुभव मिले।
रेलवे ने यह भी कहा कि इन फुट ओवरब्रिज के निर्माण से रेलवे स्टेशनों की संरचना और यात्रियों की सुविधा दोनों में सुधार होगा। स्टेशन पर भीड़भाड़ कम होगी, यात्रियों के लिए प्लेटफॉर्म से ट्रेन तक पहुँचना आसान होगा, और रेलवे सुरक्षा मानक और बेहतर होंगे।
विशेषज्ञों का कहना है कि बड़े शहरों में पैदल ओवरब्रिज निर्माण से यातायात सुरक्षा, समय की बचत और भीड़ प्रबंधन में बहुत फायदा होता है। चेन्नई में पैदल यात्री और रेलवे नेटवर्क की बढ़ती संख्या को देखते हुए यह परियोजना समय पर और आवश्यक कदम है।