चेन्नई: स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) ने सोमवार को जेम ग्रेनाइट्स के चेयरमैन आर. वीरमणि (84) को 2004 में एक नाबालिग लड़की की आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में गिरफ्तार किया। यह अब तक सामने आया सबसे पुराना मामला है। यह तीसरा मामला है जिसमें वीरमणि को औपचारिक रूप से गिरफ्तार किया गया है। ग्रेनाइट कारोबारी के खिलाफ अब तक सात मामले दर्ज किए जा चुके हैं; उन्हें पहली बार 29 अगस्त को गिरफ्तार किया गया था।
शुरुआत में आइस हाउस पुलिस ने इसे अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज किया था, लेकिन पीड़िता की मां की शिकायत के आधार पर इसमें IPC की धारा 376, 305, 201 और 506(ii) और TN महिलाओं के उत्पीड़न निषेध अधिनियम की धारा 4 और 4B जोड़ी गईं।
शिकायत के अनुसार, 11वीं कक्षा की छात्रा को अपनी पढ़ाई के लिए वीरमणि से आर्थिक मदद मिली थी। उसकी मां का आरोप है कि बाद में 2004 में वीरमणि ने लड़की को तोहफा देने के बहाने अपने गेस्ट हाउस बुलाया। घर लौटने के बाद लड़की गुमसुम रहने लगी और बाद में चेन्नई स्थित अपने घर पर आत्महत्या कर ली।
मां ने पुलिस को यह भी बताया कि वीरमणि ने बाद में परिवार को आर्थिक मदद की पेशकश की ताकि उनकी बेटी की मौत से जुड़ी बातें सार्वजनिक न हों। पुलिस सूत्रों ने बताया कि SIT ने अब तक 10 पीड़ितों की पहचान की है।