चेन्नई। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और तमिलगा वेट्री कझगम (TVK) के अध्यक्ष सी. जोसेफ विजय ने शुक्रवार को मदुरंतकम विधानसभा उपचुनाव के प्रचार के दौरान द्रविड़ मुनेत्र कझगम (DMK) और ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कझगम (AIADMK) पर तीखा राजनीतिक हमला बोला। विजय ने आरोप लगाया कि AIADMK अब “DMK की एक शाखा” बन गई है। उन्होंने अपनी पार्टी TVK को दोनों प्रमुख द्रविड़ दलों के मुकाबले एक अलग राजनीतिक विकल्प के रूप में पेश किया। उनके ये बयान चुनाव प्रचार के दौरान किए गए राजनीतिक दावे हैं।मदुरंतकम में मतदाताओं और पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए विजय ने कहा कि उनकी पार्टी उन ताकतों के खिलाफ खड़ी है जिन्हें वह भ्रष्ट राजनीति के लिए जिम्मेदार मानते हैं। उन्होंने TVK को “शुद्ध ताकत” बताते हुए DMK को निशाने पर लिया। विजय की यह टिप्पणी 6 अक्टूबर को होने वाले मदुरंतकम विधानसभा उपचुनाव से पहले सामने आई है, जहां कई दल मैदान में हैं।
विजय ने अपने संबोधन में आरोप लगाया कि AIADMK और DMK के बीच राजनीतिक विरोध अब केवल दिखावा रह गया है। उन्होंने कहा, “AIADMK अब DMK की एक शाखा बन गई है।” विजय ने विधानसभा में भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाने को लेकर भी दोनों दलों पर सवाल खड़े किए। उन्होंने दावा किया कि जब वह विधानसभा में भ्रष्टाचार की बात करते हैं तो विपक्षी दल नाराज हो जाते हैं।विजय ने कहा कि भ्रष्टाचार का जिक्र करते ही DMK उनसे सबूत मांगती है और उनका आरोप है कि विपक्ष का उद्देश्य उन्हें विधानसभा में बोलने से रोकना है। हालांकि विजय ने जिन भ्रष्टाचार संबंधी आरोपों का उल्लेख किया, वे उनके राजनीतिक आरोप हैं और इस भाषण के आधार पर उन्हें स्थापित तथ्य नहीं माना जा सकता।
मदुरंतकम उपचुनाव में TVK ने के. मरगथम कुमारवेल को उम्मीदवार बनाया है। कुमारवेल ने अप्रैल 2026 के विधानसभा चुनाव में इसी सीट से AIADMK उम्मीदवार के रूप में जीत हासिल की थी। बाद में उन्होंने विधायक पद से इस्तीफा देकर सत्तारूढ़ TVK का दामन थाम लिया। उनके इस्तीफे के कारण मदुरंतकम सीट खाली हुई और अब यहां उपचुनाव कराया जा रहा है।TVK ने कुमारवेल को एक बार फिर उसी सीट से मैदान में उतारा है, लेकिन इस बार वह पार्टी के चुनाव चिह्न और गठबंधन के तहत चुनाव लड़ रही हैं। मदुरंतकम अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित विधानसभा क्षेत्र है और चेंगलपट्टू जिले में स्थित है। चुनाव आयोग के कार्यक्रम के अनुसार मतदान 6 अक्टूबर को होगा और मतगणना 9 अक्टूबर को निर्धारित है।
मदुरंतकम में मुकाबला बहुकोणीय है। TVK की के. मरगथम कुमारवेल के अलावा DMK ने पूर्व विधायक और अधिवक्ता आई. परंथमन को उम्मीदवार बनाया है। AIADMK की ओर से एस. कनिथा संपत मैदान में हैं, जबकि नाम तमिलर काची ने के. जानकी रमन को उम्मीदवार बनाया है। इस वजह से यहां चुनावी मुकाबला कई दलों के बीच है।
TVK के लिए यह उपचुनाव इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि अप्रैल 2026 के विधानसभा चुनाव में सरकार बनाने के बाद पार्टी पहली बार विधानसभा उपचुनाव का सामना कर रही है। मदुरंतकम के साथ धारापुरम विधानसभा सीट पर भी 6 अक्टूबर को उपचुनाव होना है। दोनों सीटें उन AIADMK विधायकों के इस्तीफे के बाद खाली हुई थीं, जिन्होंने बाद में TVK की सदस्यता ग्रहण कर ली थी।मदुरंतकम में कुमारवेल के पार्टी बदलने का मुद्दा भी चुनाव प्रचार के केंद्र में है। AIADMK महासचिव और पूर्व मुख्यमंत्री एडप्पादी के. पलानीस्वामी ने अपने प्रचार के दौरान विजय और TVK पर विधायकों को अपने साथ लाने को लेकर हमला बोला है। पलानीस्वामी ने कुमारवेल के AIADMK छोड़ने को मतदाताओं के विश्वास से जोड़ते हुए TVK को घेरा। ये भी AIADMK नेता के राजनीतिक आरोप हैं।
ऐसे में विजय का AIADMK को “DMK की शाखा” बताने वाला बयान सीधे तौर पर विपक्ष के दोनों प्रमुख दलों पर एक साथ निशाना साधने की उनकी चुनावी रणनीति का हिस्सा दिखाई देता है। उन्होंने अपने भाषण में TVK को DMK और AIADMK दोनों से अलग विकल्प के रूप में पेश करने की कोशिश की।मदुरंतकम उपचुनाव में स्थानीय मुद्दे भी महत्वपूर्ण हैं। क्षेत्र में बड़ी संख्या में कृषि मजदूर, छोटे और सीमांत किसान तथा दैनिक वेतन पर काम करने वाले लोग रहते हैं। कई मतदाता चेंगलपट्टू-सिंगपेरुमालकोइल-ओरगडम औद्योगिक क्षेत्र और श्रीपेरंबदूर के ऑटोमोबाइल तथा इलेक्ट्रॉनिक्स उद्योगों में रोजगार के लिए आवागमन करते हैं।
TVK की ओर से विजय के शुक्रवार के कार्यक्रम में प्रवेश को नियंत्रित रखने के लिए विशेष व्यवस्था की गई थी। पार्टी ने कार्यक्रम के लिए करीब 5,000 लोगों को QR कोड वाले पास जारी किए थे। पार्टी के अनुसार पुलिस की ओर से निर्धारित दिशानिर्देशों के तहत अनुमति प्राप्त लोगों को ही कार्यक्रम में शामिल होने की व्यवस्था की गई।मदुरंतकम के साथ धारापुरम में भी उपचुनाव हो रहा है। वहां भी पूर्व AIADMK विधायक पी. सत्यभामा ने इस्तीफा देकर TVK का दामन थामा था और पार्टी ने उन्हें दोबारा उम्मीदवार बनाया है। इस कारण दोनों सीटों पर दल-बदल चुनाव प्रचार का प्रमुख मुद्दा बना हुआ है।
विजय के भाषण के बाद मदुरंतकम का चुनावी मुकाबला और तेज हो गया है। एक ओर TVK अपनी सरकार के शुरुआती कार्यकाल और राजनीतिक एजेंडे के आधार पर मतदाताओं के बीच जा रही है, वहीं DMK और AIADMK सत्तारूढ़ पार्टी को अलग-अलग मुद्दों पर घेर रहे हैं। विजय ने शुक्रवार को दोनों दलों पर एक साथ हमला करते हुए भ्रष्टाचार को अपने भाषण का प्रमुख मुद्दा बनाया।अब सभी दलों की नजर 6 अक्टूबर के मतदान पर है। मदुरंतकम और धारापुरम उपचुनाव के मतों की गिनती 9 अक्टूबर को होगी। चुनाव परिणाम मतदाताओं का फैसला बताएगा; फिलहाल प्रचार में TVK, DMK, AIADMK और अन्य दल अपने-अपने राजनीतिक दावों और मुद्दों के साथ मैदान में हैं।