गंगटोक: सिक्किम के रिम्बी-सिंगलिटम क्षेत्र में भूस्खलन से प्रभावित इलाकों का सशस्त्र सीमा बल (SSB) की 72वीं बटालियन ने निरीक्षण किया। टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा एवं राहत व्यवस्था की जानकारी ली।

भारी बारिश के बाद पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन की घटनाएं बढ़ गई हैं। इसके चलते कई स्थानों पर सड़कें बाधित हुई हैं और स्थानीय लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में सुरक्षा बलों की ओर से प्रभावित इलाकों में लगातार निगरानी रखी जा रही है।
प्रभावित क्षेत्रों में पहुंची SSB टीम
SSB की 72वीं बटालियन के जवानों और अधिकारियों ने रिम्बी-सिंगलिटम क्षेत्र का दौरा कर भूस्खलन से हुए नुकसान का आकलन किया। टीम ने स्थानीय लोगों से बातचीत कर उनकी समस्याओं की जानकारी ली और मौजूदा हालात को समझा।
निरीक्षण के दौरान संवेदनशील स्थानों की पहचान की गई, ताकि किसी भी आपात स्थिति में समय पर मदद पहुंचाई जा सके।
सुरक्षा और राहत कार्यों पर नजर
भूस्खलन प्रभावित पहाड़ी क्षेत्रों में सड़क संपर्क टूटने और दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। SSB की टीम ने इलाके में सुरक्षा व्यवस्था का भी जायजा लिया।
अधिकारियों ने बताया कि प्राकृतिक आपदा की स्थिति में स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर राहत और बचाव कार्यों में सहयोग किया जाएगा।
स्थानीय लोगों को सतर्क रहने की अपील
भूस्खलन की संभावना वाले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां लगातार लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने और मौसम की स्थिति को देखते हुए सतर्क रहने की अपील कर रही हैं।
पहाड़ी इलाकों में बढ़ी निगरानी
मानसून के दौरान सिक्किम सहित पूर्वोत्तर के पहाड़ी राज्यों में भूस्खलन की घटनाएं आम हो जाती हैं। लगातार बारिश से कमजोर हुई पहाड़ी मिट्टी खिसकने का खतरा बढ़ जाता है।
SSB सहित अन्य सुरक्षा एजेंसियां ऐसे इलाकों में लगातार निगरानी रख रही हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत राहत पहुंचाई जा सके।
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