राजस्थान : बुधवार का दिन कई बड़ी खबरों के साथ सामने आया। जहां एक ओर सावन महीने को लेकर दौसा जिले में धार्मिक उत्साह देखने को मिला, वहीं दूसरी ओर जयपुर-दिल्ली हाईवे स्थित NIMS यूनिवर्सिटी में एक छात्र की दर्दनाक मौत ने सभी को झकझोर दिया। इसी बीच नशे के खिलाफ चलाए गए अभियान में बीकानेर रेंज ने शानदार प्रदर्शन करते हुए प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है।
दौसा में सावन की धूम, मंदिरों में उमड़ी श्रद्धा
सावन महीने के चलते दौसा जिले में शिवभक्ति का माहौल देखने को मिल रहा है। मंदिरों में सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। भक्त भगवान शिव का जलाभिषेक कर सुख-समृद्धि की कामना कर रहे हैं।
सावन के सोमवार और अन्य धार्मिक आयोजनों को लेकर जिले के प्रमुख शिव मंदिरों में विशेष सजावट की गई है। कांवड़ यात्रा और धार्मिक कार्यक्रमों को लेकर प्रशासन भी सतर्क नजर आ रहा है।
ग्रामीण क्षेत्रों से लेकर शहर तक हर तरफ भक्ति का माहौल दिखाई दे रहा है। महिलाएं और युवा बड़ी संख्या में पूजा-अर्चना और धार्मिक आयोजनों में हिस्सा ले रहे हैं।
NIMS यूनिवर्सिटी में छात्र की मौत से हड़कंप
जयपुर-दिल्ली नेशनल हाईवे स्थित NIMS यूनिवर्सिटी में एक छात्र की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। जानकारी के मुताबिक, बीटेक प्रथम वर्ष के छात्र आदित्य तिवारी की 15वीं मंजिल से गिरने के बाद मौत हो गई। छात्र उत्तर प्रदेश के लखनऊ का रहने वाला बताया जा रहा है।
घटना की सूचना मिलते ही चंदवाजी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि छात्र की मौत हादसा है या इसके पीछे कोई अन्य कारण है।
विश्वविद्यालय परिसर में हुई इस घटना के बाद छात्रों और कर्मचारियों में चिंता का माहौल है। पुलिस ने मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच शुरू कर दी है।
बीकानेर रेंज नशे के खिलाफ कार्रवाई में नंबर वन
राजस्थान पुलिस के विशेष नशा विरोधी अभियान में बीकानेर रेंज ने बड़ी उपलब्धि हासिल की है। नशे के खिलाफ चलाए गए अभियान में बीकानेर रेंज को प्रदेश में पहला स्थान मिला है।
बीकानेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ और चूरू जिलों में पुलिस ने नशा तस्करों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की। अभियान के दौरान बड़ी संख्या में मामले दर्ज किए गए और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सीमावर्ती क्षेत्रों में नशे की तस्करी रोकना बड़ी चुनौती है। इसके लिए लगातार निगरानी और विशेष अभियान चलाए जा रहे हैं।
ऑपरेशन के तहत नशा तस्करों पर शिकंजा
बीकानेर रेंज में नशे के खिलाफ ऑपरेशन नीलकंठ जैसे अभियानों के तहत कार्रवाई की गई। पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी करने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कदम उठाए हैं।
पुलिस की कार्रवाई में नशीली गोलियां, अफीम, हेरोइन, गांजा और अन्य प्रतिबंधित पदार्थ बरामद किए गए हैं। साथ ही तस्करी में इस्तेमाल होने वाले वाहनों और संपत्तियों पर भी कार्रवाई की जा रही है।
राजस्थान में नशे के खिलाफ बढ़ी सख्ती
राजस्थान सरकार और पुलिस विभाग लगातार नशे के कारोबार को खत्म करने के लिए अभियान चला रहे हैं। अधिकारियों ने साफ निर्देश दिए हैं कि नशे की बिक्री और तस्करी में शामिल लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए।
सीमा क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखी जा रही है क्योंकि तस्कर नए-नए तरीकों से नशीले पदार्थ पहुंचाने की कोशिश करते हैं।
दौसा सहित पूरे राजस्थान में प्रशासन अलर्ट
धार्मिक आयोजनों, कानून व्यवस्था और अपराध नियंत्रण को लेकर प्रशासन लगातार सक्रिय है। सावन के दौरान मंदिरों और धार्मिक स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई है।
वहीं, अपराध और नशे के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई भी लगातार जारी है। अधिकारियों का कहना है कि जनता की सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखना उनकी प्राथमिकता है।
तीन बड़ी घटनाओं ने खींचा ध्यान
राजस्थान में एक तरफ जहां सावन की धार्मिक गतिविधियां लोगों को जोड़ रही हैं, वहीं NIMS यूनिवर्सिटी में छात्र की मौत जैसी घटनाएं चिंता बढ़ा रही हैं। दूसरी ओर बीकानेर रेंज की नशे के खिलाफ कार्रवाई पुलिस की बड़ी उपलब्धि के रूप में सामने आई है।
इन घटनाओं ने एक ही दिन में राजस्थान के अलग-अलग क्षेत्रों की तस्वीर सामने रख दी है। प्रशासन जहां श्रद्धालुओं की सुरक्षा और व्यवस्था में जुटा है, वहीं पुलिस अपराध और नशे के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है।