चंडीगढ़: चंडीगढ़ के स्कूलों को लेकर एक बार फिर सुरक्षा चिंता बढ़ गई है। इस बार धमकी साइबर अटैक की बताई जा रही है, जिसमें स्कूलों के बैंक खातों और डिजिटल सिस्टम को निशाना बनाने की चेतावनी दी गई है। मामले की जानकारी सामने आने के बाद पुलिस और साइबर सुरक्षा एजेंसियों को सतर्क कर दिया गया है।
चंडीगढ़ में इससे पहले भी स्कूलों को धमकी भरे ईमेल मिलते रहे हैं। अगस्त 2026 में शहर के कई स्कूलों को बम की धमकी वाले ईमेल भेजे गए थे, जिसके बाद पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों ने व्यापक तलाशी अभियान चलाया था। जांच में कोई संदिग्ध सामग्री नहीं मिली थी। साइबर अपराध के मामलों को लेकर भी चंडीगढ़ पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। हाल के महीनों में शहर में फर्जी कॉल सेंटर, म्यूल बैंक खातों और डिजिटल फ्रॉड से जुड़े कई मामले सामने आए हैं। पुलिस ने ऐसे बैंक खातों की पहचान की है जिनका इस्तेमाल साइबर ठगी की रकम ट्रांसफर करने के लिए किया जा रहा था।
स्कूलों को मिली ताजा धमकी में बैंक खातों और कंप्यूटर सिस्टम को हैक करने की चेतावनी ने चिंता बढ़ाई है। ऐसे मामलों में संस्थानों के लिए इंटरनेट बैंकिंग, ईमेल अकाउंट, स्कूल मैनेजमेंट सॉफ्टवेयर और अन्य डिजिटल प्लेटफॉर्म की सुरक्षा महत्वपूर्ण हो जाती है। हालांकि धमकी वास्तव में किसी साइबर हमले से जुड़ी है या केवल डर पैदा करने की कोशिश, इसकी आधिकारिक जांच के बाद ही पुष्टि हो सकेगी।
सुरक्षा एजेंसियां आम तौर पर ऐसी धमकियों के बाद ईमेल के स्रोत, आईपी एड्रेस, सर्वर और इस्तेमाल किए गए नेटवर्क की तकनीकी जांच करती हैं। पहले सामने आए धमकी वाले ईमेल के मामलों में पुलिस अधिकारियों ने बताया था कि आरोपियों की पहचान छिपाने के लिए VPN और Tor जैसे माध्यमों का इस्तेमाल किया गया था। फिलहाल स्कूल प्रशासन को अपने डिजिटल सिस्टम की सुरक्षा बढ़ाने, पासवर्ड बदलने, संदिग्ध ईमेल या लिंक न खोलने और बैंकिंग गतिविधियों पर विशेष नजर रखने की जरूरत है। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत साइबर क्राइम अधिकारियों को देने की सलाह दी जा रही है।
Tags: