Jalandhar.जालंधर: जालंधर और आसपास के इलाकों में इन दिनों मौसम के लगातार बदलते मिजाज ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। कभी तेज गर्मी तो कभी अचानक बारिश और तेज हवाएं—इस अनिश्चित मौसम का असर खासतौर पर कटाई के लिए तैयार खड़ी फसलों पर पड़ रहा है।
किसानों का कहना है कि गेहूं की फसल इस समय पकने की स्थिति में है और कटाई शुरू होने वाली है। ऐसे में अचानक बारिश या ओलावृष्टि होने से फसल को भारी नुकसान हो सकता है। तेज हवाओं के कारण फसल गिरने (लॉजिंग) का खतरा भी बढ़ गया है, जिससे उत्पादन पर असर पड़ सकता है।
कई किसानों ने बताया कि उन्होंने पूरे सीजन में मेहनत और लागत लगाई है, लेकिन इस समय मौसम की मार से उनकी मेहनत पर पानी फिरने का डर बना हुआ है। किसानों ने सरकार से मांग की है कि यदि मौसम के कारण नुकसान होता है, तो उन्हें उचित मुआवजा दिया जाए।
कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि इस समय मौसम में बदलाव का कारण पश्चिमी विक्षोभ और तापमान में उतार-चढ़ाव है। उन्होंने किसानों को सलाह दी है कि वे मौसम अपडेट पर नजर रखें और कटाई में देरी न करें। जहां संभव हो, वहां फसल को सुरक्षित स्थान पर रखने और तेज हवाओं से बचाने के उपाय किए जाएं।
स्थानीय प्रशासन ने भी किसानों को सतर्क रहने की सलाह दी है और कहा है कि जरूरत पड़ने पर संबंधित विभाग सहायता के लिए तैयार हैं।
इस अनिश्चित मौसम ने किसानों के सामने एक बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है, और अब सभी की नजर आने वाले दिनों के मौसम पर टिकी हुई है।