भुवनेश्वर। ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने शनिवार को 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर राज्यवासियों को संबोधित करते हुए कई बड़ी घोषणाएं कीं। भुवनेश्वर में आयोजित राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह में मुख्यमंत्री ने शिक्षा, सरकारी भर्ती, कृषि, बुनियादी ढांचे, निवेश, कौशल विकास और सामाजिक कल्याण से जुड़े क्षेत्रों में कई महत्वपूर्ण नीतिगत बदलावों का ऐलान किया।
मुख्यमंत्री माझी के संबोधन में सबसे बड़ी घोषणा ओडिशा सिविल सेवा (OCS) परीक्षा को लेकर रही। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार अब OCS परीक्षा में शामिल होने वाले उम्मीदवारों के लिए मौजूदा छह प्रयासों की सीमा को समाप्त करने जा रही है। इसके बाद अभ्यर्थी निर्धारित अधिकतम आयु सीमा तक परीक्षा में भाग ले सकेंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस फैसले का उद्देश्य युवाओं को अधिक अवसर उपलब्ध कराना है। कई उम्मीदवार प्रयासों की सीमित संख्या के कारण परीक्षा से बाहर हो जाते थे, लेकिन अब उन्हें अपनी तैयारी और क्षमता के आधार पर अधिक मौके मिल सकेंगे।
इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने सरकारी नौकरियों में आवेदन करने वाले उम्मीदवारों के लिए अधिकतम आयु सीमा बढ़ाने की भी घोषणा की। उन्होंने कहा कि सरकारी सेवाओं में भर्ती के लिए अधिकतम आयु सीमा को 32 वर्ष से बढ़ाकर 42 वर्ष किया जाएगा।
सरकार के इस फैसले से बड़ी संख्या में नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं को लाभ मिलने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कदम युवाओं के हितों को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है, ताकि अधिक से अधिक योग्य उम्मीदवारों को सरकारी सेवाओं में आने का अवसर मिल सके।
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं के भविष्य को सुरक्षित बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। रोजगार के अवसर बढ़ाना, कौशल विकास को मजबूत करना और सरकारी भर्ती प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है।
मुख्यमंत्री ने शिक्षा क्षेत्र को लेकर भी कई योजनाओं और सुधारों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना सरकार की प्रमुख जिम्मेदारी है। इसके लिए स्कूलों और उच्च शिक्षा संस्थानों में सुविधाओं के विस्तार पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
उन्होंने कृषि क्षेत्र के विकास पर भी जोर दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने, कृषि को आधुनिक बनाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए सरकार कई कदम उठा रही है। कृषि क्षेत्र में नई तकनीकों को बढ़ावा देने और किसानों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में काम किया जा रहा है।
बुनियादी ढांचे के विकास को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़क, परिवहन और अन्य सुविधाओं के विस्तार से राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि बेहतर आधारभूत संरचना से निवेश को बढ़ावा मिलेगा और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
निवेश को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि ओडिशा को उद्योग और व्यापार के लिए बेहतर स्थान बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं। सरकार ऐसी नीतियां तैयार कर रही है, जिससे राज्य में अधिक निवेश आए और स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर मिलें।
कौशल विकास के क्षेत्र में मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं को रोजगार के योग्य बनाने के लिए प्रशिक्षण और कौशल आधारित कार्यक्रमों को बढ़ावा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में युवाओं के लिए तकनीकी और व्यावसायिक कौशल बेहद जरूरी है।
सामाजिक कल्याण योजनाओं का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार समाज के कमजोर और जरूरतमंद वर्गों के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि विकास का लाभ हर वर्ग तक पहुंचाना सरकार का लक्ष्य है।
स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान मुख्यमंत्री ने स्वतंत्रता सेनानियों और देश के लिए बलिदान देने वाले वीर जवानों को भी याद किया। उन्होंने कहा कि देश की आजादी महान बलिदानों का परिणाम है और सभी नागरिकों का कर्तव्य है कि वे राष्ट्र निर्माण में योगदान दें।
मुख्यमंत्री माझी ने कहा कि ओडिशा विकास के नए दौर में प्रवेश कर रहा है और सरकार राज्य को आर्थिक, सामाजिक और शैक्षणिक रूप से मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
OCS परीक्षा और सरकारी नौकरी की उम्र सीमा से जुड़ी घोषणाओं के बाद युवाओं में उत्साह देखा जा रहा है। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले अभ्यर्थियों ने इसे बड़ा राहत भरा कदम बताया है।
राज्य सरकार के इन फैसलों को युवाओं और नौकरी की तैयारी कर रहे उम्मीदवारों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अब इन घोषणाओं को लागू करने के लिए संबंधित विभागों की ओर से आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।