कोहिमा: नागालैंड में चल रहे 'स्पेशल इंटेंसिव रिविज़न' (SIR) के दौरान, लगभग पांच लाख वोटरों को चुनाव विभाग से नोटिस मिल सकता है। यह नोटिस 2005 की वोटर लिस्ट के साथ उनकी जानकारी के मिलान (मैपिंग) में गड़बड़ी के कारण भेजा जा सकता है।
नागालैंड के एडिशनल चीफ इलेक्टोरल ऑफिसर (ACEO) आवा लोरिन ने सोमवार को मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि 9.33 प्रतिशत वोटर "नो मैपिंग" कैटेगरी में आए, जबकि 27.31 प्रतिशत वोटर मैपिंग में गड़बड़ी वाली कैटेगरी में आए। इन दोनों कैटेगरी को मिलाकर कुल 36.64 प्रतिशत वोटर होते हैं।
नागालैंड की 60 विधानसभा सीटों के लिए ड्राफ्ट वोटर लिस्ट संबंधित इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर्स (EROs) ने 20 सितंबर, 2026 को जारी की थी। गिनती (एन्यूमरेशन) का काम पूरा होने के बाद, SIR से पहले की वोटर लिस्ट से लगभग 1.59 लाख नाम हटा दिए गए थे।
लोरिन ने कहा कि इस ब्रीफिंग का मकसद जनता को ज़रूरी जानकारी देना और यह पक्का करना था कि SIR प्रक्रिया का अगला चरण पारदर्शी और भरोसेमंद तरीके से हो।
नागालैंड की चीफ इलेक्टोरल ऑफिसर (CEO) भाग्यश्री बयानात के अनुसार, SIR से पहले की वोटर लिस्ट में 13,57,208 वोटर थे। इनमें से 11,99,456 (यानी 88.38 प्रतिशत) ने 16 अगस्त से 14 सितंबर के बीच गिनती की अवधि के दौरान एन्यूमरेशन फॉर्म जमा किए थे।
गिनती के दौरान 28,944 मृत वोटर (2.13 प्रतिशत) की पहचान हुई, जबकि 1,23,749 वोटर (9.12 प्रतिशत) को अनुपस्थित, स्थायी रूप से दूसरी जगह शिफ्ट हो चुके या अन्य कैटेगरी में रखा गया। इसके अलावा, 5,059 वोटर (0.37 प्रतिशत) एक से ज़्यादा जगहों पर रजिस्टर्ड पाए गए।
CEO ऑफिस ने बताया कि अनुपस्थित/शिफ्ट हो चुके/अन्य कैटेगरी में वे लोग शामिल थे जो दूसरे राज्यों या केंद्र शासित प्रदेशों में वोटर बन चुके थे, जो नहीं मिल सके, जिन्होंने 14 सितंबर तक अपने एन्यूमरेशन फॉर्म जमा नहीं किए थे, या जो अलग-अलग कारणों से वोटर के तौर पर रजिस्टर नहीं होना चाहते थे। इसमें साफ़ किया गया कि असली वोटर, जिनके नाम ड्राफ़्ट रोल में शामिल नहीं थे, वे 20 सितंबर से 20 अक्टूबर तक चलने वाले दावे और आपत्ति (claims and objections) के समय फ़ॉर्म-6 और ज़रूरी घोषणा-पत्र जमा करके अपना नाम शामिल करवा सकते हैं। जिन लोगों के नाम एक से ज़्यादा जगहों पर दर्ज पाए जाएंगे, उनके नाम सिर्फ़ एक ही जगह रखे जाएंगे।
अनुपस्थित, दूसरी जगह चले गए, मृत और डुप्लिकेट (ASDD) वोटरों की बूथ-वार लिस्ट, जिनके नाम ड्राफ़्ट रोल में शामिल नहीं थे, ERO/AERO ऑफ़िस और पोलिंग स्टेशन पर दिखाई गई हैं और CEO नागालैंड की वेबसाइट पर अपलोड की गई हैं।
वोटर और राजनीतिक पार्टियों के प्रतिनिधि ERO ऑफ़िस, बूथ लेवल ऑफ़िसर (BLO), CEO नागालैंड की वेबसाइट और ECINET मोबाइल ऐप के ज़रिए ड्राफ़्ट रोल देख और वेरिफ़ाई कर सकते हैं।
CEO ऑफ़िस ने बताया कि इस गिनती की प्रक्रिया में 17 चुनाव ज़िले, 44 ERO, 64 असिस्टेंट ERO, 258 BLO सुपरवाइज़र और 2,361 BLO शामिल थे। मान्यता प्राप्त राजनीतिक पार्टियों ने 3,758 बूथ लेवल एजेंट नियुक्त किए थे, जिन्होंने इस प्रक्रिया में हिस्सा लिया।
पोलिंग स्टेशनों की संख्या 2,361 से बढ़कर 2,399 हो गई है; हर पोलिंग स्टेशन पर वोटरों की संख्या को सही करने और सुविधा बेहतर बनाने के लिए 38 नए स्टेशन बनाए गए हैं।
दावे और आपत्ति की प्रक्रिया 20 अक्टूबर तक चलेगी। इसके बाद नोटिस और जांच के चरण में, जो 18 नवंबर तक चलेगा, ERO पात्रता की जांच करेंगे और उन मामलों में नोटिस जारी करेंगे जहाँ आवेदकों का पता नहीं चल पाया या 2005 की पिछली SIR वोटर लिस्ट में कोई गड़बड़ी पाई गई।
आवेदकों को ज़रूरी दस्तावेज़ जमा करने का मौका दिया जाएगा।
CEO ऑफ़िस ने यह भी कहा कि ड्राफ़्ट रोल में शामिल किसी भी नाम को उचित प्रक्रिया का पालन किए बिना नहीं हटाया जाएगा; इस प्रक्रिया में नोटिस, जांच और अपनी बात रखने का उचित मौका देना शामिल है।
अगर कोई व्यक्ति ERO के फ़ैसले से असंतुष्ट है, तो वह 15 दिनों के भीतर ज़िला मजिस्ट्रेट के पास अपील कर सकता है; ज़िला मजिस्ट्रेट के आदेश के 30 दिनों के भीतर CEO के पास दूसरी अपील करने का विकल्प भी है। फ़ाइनल वोटर लिस्ट 22 नवंबर, 2026 को प्रकाशित की जाएगी।