राशन माफिया का पर्दाफाश: 7.82 लाख रुपये का चावल, गेहूं और नमक गबन, दो दोषी पाए गए
Madhya Pradesh मध्य प्रदेश: हाल ही में भीकनगांव की सरकारी उचित मूल्य की दुकान में अनाज की हेराफेरी का मामला सामने आया था, जिसमें विक्रेता परसराम यादव और प्रबंधक कमल यादव को अनाज की हेराफेरी का दोषी पाया गया था। प्रशासन की जांच में पता चला कि हजारों किलो गेहूं, चावल और नमक की कीमत 7.82 लाख रुपए थी। मुख्य रूप से शहरी क्षेत्रों को प्रभावित करने वाले इस घोटाले ने ग्रामीण क्षेत्रों की स्थिति को लेकर चिंता बढ़ा दी है। जांच में पाया गया कि कागजों में दर्ज अनाज का स्टॉक लाभार्थियों को वितरित नहीं किया गया। कई परिवारों ने महीनों से पूरा राशन न मिलने की शिकायत की। इन शिकायतों के बाद 7 जनवरी को सहायक आपूर्ति अधिकारी और सहकारिता विस्तार अधिकारी द्वारा संयुक्त जांच की गई।