प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित आपत्तिजनक टिप्पणी के मामले में महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले पर तो राज्य सरकार ने कोई कार्रवाई नहीं की। लेकिन उनकी गिरफ्तारी की मांग करने वाले भाजपा नेताओं पर मामला दर्ज कर लिया गया है। गौरतलब है कि एक वायरल वीडियो में पटोले को यह कहते हुए सुना गया था कि वे मोदी को पीट सकते हैं और गाली दे सकते हैं। इसी बयान को लेकर महाराष्ट्र में बीते तीन दिन से बवाल मचा है।

नाना पटोले के विवादित बयान के लिए कार्रवाई की मांग को लेकर मुंबई भाजपा के अध्यक्ष मंगल प्रभात लोढ़ा के नेतृत्व में पार्टी के नेताओं ने मंत्रालय के सामने महात्मा गांधी की प्रतिमा के पास अनशन किया। नाना पटोले के खिलाफ कोई शिकायत दर्ज नहीं की गई। इसके उलट मरीन ड्राइव पुलिस स्टेशन ने लोढ़ा सहित विधायक राजहंस सिंह, मुंबई भाजपा उपाध्यक्ष आचार्य पवन त्रिपाठी, महासचिव संजय उपाध्याय, विधायक मिलिंद नार्वेकर और शरद चिंतरकर सहित 31 कार्यकर्ताओं पर भारतीय दंड संहिता की धारा 188 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। इधर, बीजेपी का प्रदर्शन राज्य के अन्य हिस्सों में जारी रहा।
सांताक्रूज में नाना पटोले के खिलाफ भी शिकायत दर्ज
उधर गुरुवार को ही भाजपा नेता मोहित कंबोज ने नाना पटोले के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग करते हुए आईपीसी की धारा 124ए, 153बी, 499, 500,504 और 506 के तहत शिकायत दर्ज कराई है। मोहित ने अपनी शिकायत में कहा है कि कांग्रेस अध्यक्ष नाना ने 16 जनवरी 2022 को भंडारा जिले के पलांदूर के पास देवनारा गांव में कांग्रेस कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए देश के प्रधानमंत्री के बारे में अपमानजनक बात कही है। इसलिए उनके खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर तुरंत गिरफ्तार किया जाना चाहिए।
पीएम के संदर्भ में नाना पटोले ने नहीं की कोई टिप्पणी- जाकिर अहमद
महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव और मीडिया समन्वयक जाकिर अहमद ने कहा कि नाना पटोले ने प्रधानमंत्री के संदर्भ में कोई बात नहीं की है। नाना के बयान में उनकी भावना आईने की तरह साफ थी कि राजनीतिक व सामाजिक जीवन में ऐसे बनो जिससे किसी किस्म का दाग न हो और गलत के खिलाफ ताल ठोक कर खडे हो सको। फिर चाहे सामने गली का गुंडा हो या फिर कोई कितना भी बड़ा व्यक्ति क्यों न हो।
जाकिर ने कहा, "ऐसे में इस प्रकरण में नाना की गिरफ्तारी की मांग सरासर गलत है। अगर भाजपा के लोगों को अनशन करना ही है तो केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी के इस्तीफे और उनकी गिरफ्तारी के लिए करें, जिसने किसानों को धमकाया था और जिसके बेटे ने अपने साथियों के साथ किसानों को कुचल कर मार डाला था।"


Tags: