MUMBAI मुंबई: मराठा आरक्षण आंदोलन को लेकर राज्य सरकार और आंदोलनकारी नेता मनोज जारंगे के बीच सहमति बन गई है। उपसमिति के अध्यक्ष राधाकृष्ण विखे पाटिल, शिवेंद्रराजे भोसले, जयकुमार गोरे और उदय सामंत ने मंगलवार को जारंगे से मुलाकात कर सरकार की ओर से तैयार अंतिम मसौदा सौंपा। जारंगे की प्रमुख मांग ‘हैदराबाद गजट’ को तुरंत लागू करने की थी, जिसे उपसमिति ने मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही जारंगे की आठ में से छह मांगों को सरकार ने स्वीकार कर लिया है।
सबसे अहम मुद्दा मराठा समाज को कुनबी जाति में शामिल करने का है। कुनबी जाति पहले से ही ओबीसी वर्ग में आती है, और अब मराठाओं को भी इस आरक्षण का लाभ मिल सकेगा। इस बीच बॉम्बे हाईकोर्ट ने आंदोलनकारियों को बुधवार सुबह तक मुंबई के आजाद मैदान खाली करने का आदेश दिया था। जारंगे और उनके समर्थक यहां कई दिनों से धरना प्रदर्शन कर रहे थे। सरकार के फैसले के बाद आंदोलन समाप्त होने की संभावना जताई जा रही है।