नालासोपारा। महाराष्ट्र के नालासोपारा पूर्व स्थित शिरडी नगर इलाके में शनिवार को पटाखों के कारण आग लगने की घटना सामने आई है। कथित तौर पर पास में पटाखे फोड़े जाने के दौरान निकली चिंगारी से एक पर्यटक वाहन और एक निजी कार आग की चपेट में आ गईं। देखते ही देखते दोनों वाहनों में आग की लपटें उठने लगीं। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय निवासियों में चिंता फैल गई। सड़क किनारे खड़े वाहनों को आग की लपटों से घिरा देखकर आसपास के लोग भी घबरा गए।
जानकारी के मुताबिक, यह घटना शनिवार को नालासोपारा पूर्व के शिरडी नगर इलाके में हुई। उस समय आसपास पटाखे फोड़े जा रहे थे। इसी दौरान कथित तौर पर पटाखों से निकली चिंगारी पास में खड़े वाहनों तक पहुंच गई। इसके बाद एक पर्यटक वाहन और एक निजी कार में आग लग गई। आग ने तेजी से दोनों वाहनों को अपनी चपेट में ले लिया।
पटाखों के बीच वाहनों में लगी आग
स्थानीय स्तर पर सामने आई जानकारी के अनुसार, शिरडी नगर इलाके में शनिवार को पटाखे फोड़े जा रहे थे। इसी दौरान पास में खड़े वाहनों में आग लगने की घटना हुई। शुरुआती जानकारी में पटाखों से निकली चिंगारी को आग लगने की संभावित वजह बताया जा रहा है।
आग लगते ही वाहनों से धुआं उठने लगा और कुछ ही देर में लपटें दिखाई देने लगीं। आसपास मौजूद लोगों ने जब वाहनों को जलते देखा तो इलाके में हलचल मच गई। लोग अपनी सुरक्षा को लेकर सतर्क हो गए और घटनास्थल के आसपास भीड़ जमा होने लगी।
पर्यटक वाहन और निजी कार आग की चपेट में
इस घटना में एक पर्यटक वाहन और एक निजी कार को नुकसान पहुंचने की जानकारी सामने आई है। दोनों वाहन आग की लपटों में घिर गए। आग लगने के बाद वाहनों के आसपास मौजूद लोगों में दहशत का माहौल बन गया।
स्थानीय निवासियों के लिए यह घटना चिंता का विषय बन गई, क्योंकि पटाखों की चिंगारी से खड़े वाहनों में आग लगने की आशंका पहले भी सामने आती रही है। वाहनों में पेट्रोल और अन्य ज्वलनशील पदार्थ मौजूद होने के कारण आग तेजी से फैलने का खतरा रहता है। ऐसे में थोड़ी सी लापरवाही भी बड़ा हादसा बन सकती है।
सोशल मीडिया पर सामने आया घटना का वीडियो
शिरडी नगर में वाहनों में आग लगने की इस घटना का कथित वीडियो सोशल मीडिया पर भी सामने आया है। वीडियो में वाहनों के आग की लपटों से घिरे होने का दृश्य दिखाई देने की जानकारी है। सोशल मीडिया पर घटना की चर्चा के बाद पटाखों के इस्तेमाल और सुरक्षा को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
त्योहारों के दौरान लोग बड़ी संख्या में पटाखे जलाते हैं। कई बार पटाखे खुले स्थान के बजाय घरों, दुकानों और पार्किंग में खड़े वाहनों के आसपास फोड़े जाते हैं। ऐसी परिस्थितियों में आग लगने का खतरा बढ़ जाता है। शिरडी नगर की घटना ने एक बार फिर इस तरह की लापरवाही के संभावित परिणामों की ओर ध्यान आकर्षित किया है।
रिहायशी इलाके में पटाखे फोड़ने से बढ़ता है खतरा
रिहायशी इलाकों में पटाखे फोड़ते समय आसपास खड़े वाहनों और अन्य ज्वलनशील वस्तुओं का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। पटाखों से निकलने वाली चिंगारी कई बार दूर तक पहुंच सकती है। यदि आसपास पेट्रोल से चलने वाले वाहन, कूड़ा-कचरा या ज्वलनशील सामान मौजूद हो तो आग फैलने की आशंका रहती है।
विशेष रूप से कार और पर्यटक वाहनों की पार्किंग के आसपास पटाखे जलाना खतरनाक हो सकता है। वाहन में मौजूद ईंधन और अन्य सामग्री आग को तेजी से फैलाने का कारण बन सकती है। ऐसे में पटाखे जलाने के लिए सुरक्षित और खुले स्थान का चयन करना जरूरी है।
आग लगने के कारणों की पुष्टि होना बाकी
फिलहाल इस घटना में पटाखों से निकली चिंगारी को आग लगने की संभावित वजह बताया जा रहा है। हालांकि, आग लगने के वास्तविक कारणों की आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है। इसके अलावा दोनों वाहनों को हुए नुकसान और आग पर काबू पाने से संबंधित विस्तृत जानकारी भी सामने नहीं आई है।
नालासोपारा पूर्व के शिरडी नगर में हुई इस घटना ने स्थानीय लोगों को सतर्क कर दिया है। त्योहार के दौरान पटाखों से होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिए सावधानी बरतना बेहद जरूरी है। एक छोटी सी चिंगारी भी बड़ी आर्थिक क्षति का कारण बन सकती है।