Maharashtra महाराष्ट्र: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शनिवार को नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट के टर्मिनल 1 पर छत्रपति शिवाजी महाराज की 12 फुट ऊंची कांसे की मूर्ति का भव्य अनावरण किया। इस अवसर पर राज्य के वन मंत्री गणेश नाइक, महिला एवं बाल विकास मंत्री अदिति सुनील तटकरे, MLA प्रशांत ठाकुर और महेश बाल्दी, पूर्व सांसद रामशेठ ठाकुर, डिविजनल कमिश्नर रूबल अग्रवाल, CIDCO के जॉइंट मैनेजिंग डायरेक्टर शांतनु गोयल, नवी मुंबई एयरपोर्ट के अधिकारी और अन्य गणमान्य लोग उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री फडणवीस ने समारोह के दौरान कहा, “मैंने पहले कहा था कि रायगढ़ जिले के इस एयरपोर्ट पर छत्रपति शिवाजी महाराज की मूर्ति होनी चाहिए। आज यह इच्छा पूरी हुई है। अब देश और विदेश से आने वाले यात्री इस मूर्ति को देखकर ऊर्जा और प्रेरणा ले सकेंगे। छत्रपति शिवाजी महाराज का जीवन साहस, निष्ठा और नेतृत्व का प्रतीक है, और यह मूर्ति आने वाले सभी यात्रियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी।”
अनावरण समारोह में उपस्थित अधिकारियों ने कहा कि यह मूर्ति सिर्फ एक कलात्मक प्रस्तुति नहीं है, बल्कि महाराष्ट्र की वीर परंपरा और मराठा संस्कृति का प्रतीक भी है। उन्होंने बताया कि मूर्ति की स्थापना के लिए विशेष कांसे का उपयोग किया गया है और इसे ऐसे स्थान पर रखा गया है, जहाँ प्रत्येक यात्री इसे आसानी से देख सके।
CIDCO के जॉइंट मैनेजिंग डायरेक्टर शांतनु गोयल ने कहा कि नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट को केवल एक यात्री हब नहीं बल्कि सांस्कृतिक और ऐतिहासिक पहचान वाला स्थान बनाने की योजना है। इसके तहत यात्री टर्मिनल में महाराष्ट्र की सांस्कृतिक विरासत और ऐतिहासिक प्रतीकों को प्रदर्शित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इस मूर्ति की स्थापना से एयरपोर्ट का सौंदर्य और बढ़ा है और आने-जाने वाले यात्रियों को यह महाराष्ट्र की वीरता और गौरव की याद दिलाएगी।
वन मंत्री गणेश नाइक और महिला एवं बाल विकास मंत्री अदिति सुनील तटकरे ने भी इस अवसर पर अपनी भावनाएं व्यक्त की। उन्होंने कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज का जीवन नेतृत्व, साहस और समर्पण का उदाहरण है। एयरपोर्ट पर उनकी इस मूर्ति से नए पीढ़ी के लोग प्रेरित होंगे और उनके आदर्शों को अपनाएंगे।
स्थानीय मीडिया और नागरिकों ने इस मूर्ति की भव्यता और उसकी सांस्कृतिक महत्ता की सराहना की। उन्होंने कहा कि नवी मुंबई एयरपोर्ट अब केवल परिवहन का केंद्र नहीं बल्कि महाराष्ट्र की पहचान और गौरव का प्रतीक भी बन गया है।
इस मौके पर मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि भविष्य में एयरपोर्ट के अन्य टर्मिनलों और सार्वजनिक स्थानों पर भी महाराष्ट्र की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहर को दर्शाने के लिए और योजनाएं बनाई जाएंगी। उनका उद्देश्य न केवल यात्रियों को सुविधा देना है बल्कि उनके मन में महाराष्ट्र और उसके वीर योद्धाओं के प्रति सम्मान और गर्व पैदा करना है।
इस भव्य अनावरण समारोह ने नवी मुंबई एयरपोर्ट को एक नई पहचान दी है, जहाँ आने वाले प्रत्येक यात्री छत्रपति शिवाजी महाराज की वीरता और नेतृत्व से प्रेरणा लेकर आगे बढ़ सकेगा।