RTO फ्लाइंग स्क्वॉड की बसों पर बड़ी जांच, बिना परमिट बस पर 50,000 रुपये का जुर्माना
Madhya Pradesh मध्य प्रदेश : रीजनल ट्रांसपोर्ट ऑफिस (RTO) की फ्लाइंग स्क्वॉड ने सोमवार को शहर के प्रमुख ट्रांजिट पॉइंट्स पर वाहनों की सघन जांच अभियान चलाया। यह कार्रवाई रेडिसन स्क्वायर, तीन इमली स्क्वायर और नेमावर रोड जैसे व्यस्त स्थानों पर की गई, जहां बसों सहित अन्य यात्री वाहनों की जांच की गई।
रीजनल ट्रांसपोर्ट ऑफिसर प्रदीप शर्मा ने बताया कि सुबह के समय शुरू की गई इस ड्राइव में 50 से अधिक बसों की गहन जांच की गई। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य यात्री सुरक्षा मानकों की जांच करना और सड़क पर चल रहे वाहनों की वैधता सुनिश्चित करना था।
जांच के दौरान विशेष रूप से बसों में मौजूद सुरक्षा उपकरणों पर ध्यान दिया गया। इनमें इमरजेंसी गेट की स्थिति, फायर एक्सटिंग्विशर की उपलब्धता, फर्स्ट-एड बॉक्स, और इमरजेंसी एग्जिट की कार्यशीलता की जांच शामिल थी। इसके साथ ही वाहनों के जरूरी दस्तावेजों की भी समीक्षा की गई, जिसमें वैलिड परमिट, फिटनेस सर्टिफिकेट और इंश्योरेंस की जांच प्रमुख रूप से की गई।
अधिकारियों के अनुसार, जांच का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि सड़क पर चलने वाले सभी यात्री वाहन सुरक्षा मानकों का पालन कर रहे हैं और किसी भी तरह की तकनीकी या कानूनी कमी न हो।
इस अभियान के दौरान टीम ने एक बस को रोका जो ललितपुर से इंदौर की ओर जा रही थी। जांच में पाया गया कि यह बस बिना वैध परमिट के संचालित की जा रही थी। नियमों के उल्लंघन को गंभीरता से लेते हुए RTO ने मौके पर ही कार्रवाई की और बस ऑपरेटर पर 50,000 रुपये का चालान लगाया गया।
रीजनल ट्रांसपोर्ट ऑफिसर प्रदीप शर्मा ने कहा कि इस तरह की जांच आगे भी नियमित रूप से की जाएगी ताकि यात्री सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और नियमों का पालन सख्ती से कराया जा सके। उन्होंने बताया कि बिना परमिट या सुरक्षा मानकों के बिना चलने वाले वाहनों पर किसी भी तरह की ढिलाई नहीं बरती जाएगी।
RTO अधिकारियों ने यह भी कहा कि सार्वजनिक परिवहन में सुरक्षा मानकों का पालन बेहद जरूरी है, क्योंकि इससे यात्रियों की जान की सुरक्षा सुनिश्चित होती है। फायर सेफ्टी उपकरण और इमरजेंसी व्यवस्थाएं किसी भी आपात स्थिति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
यात्रियों से भी अपील की गई है कि वे केवल वैध और सुरक्षित वाहनों का ही उपयोग करें और किसी भी संदिग्ध या नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन की सूचना तुरंत प्रशासन को दें।
अधिकारियों ने बताया कि आने वाले दिनों में और भी सघन जांच अभियान चलाए जाएंगे, जिसमें शहर के अलग-अलग हिस्सों में वाहनों की जांच की जाएगी। इस तरह की कार्रवाई का उद्देश्य सड़क परिवहन व्यवस्था को सुरक्षित और नियमों के अनुरूप बनाना है।
इस पूरे अभियान ने वाहन ऑपरेटरों को स्पष्ट संदेश दिया है कि नियमों का उल्लंघन करने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी और यात्रियों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।