महंगाई के खिलाफ कांग्रेस का प्रदर्शन, 24 जगहों पर विरोध कर सरकार पर साधा निशाना
इंदौर। बढ़ती महंगाई के विरोध में गुरुवार को शहर कांग्रेस ने अलग-अलग स्थानों पर प्रदर्शन कर केंद्र और राज्य सरकार के खिलाफ नाराजगी जताई। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शहर में 24 जगहों पर एक साथ विरोध प्रदर्शन किया। इन प्रदर्शनों का नेतृत्व ब्लॉक अध्यक्षों और विधानसभा क्षेत्र प्रभारियों ने किया।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बढ़ती कीमतों को लेकर आम जनता की परेशानियों को सामने रखा। कुछ स्थानों पर कार्यकर्ताओं ने अनोखे तरीके से विरोध दर्ज कराया। कहीं लोगों को चीनी खरीदने के लिए सांकेतिक रूप से कर्ज दिया गया तो कुछ जगहों पर चाय की दुकान लगाकर महंगाई के मुद्दे को उठाया गया।
कांग्रेस नेताओं का कहना था कि रोजमर्रा की जरूरतों की वस्तुओं की बढ़ती कीमतों ने आम आदमी का बजट बिगाड़ दिया है। उन्होंने सरकार से महंगाई पर नियंत्रण के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की।
चीनी और जरूरी वस्तुओं की कीमतों पर जताई चिंता
शहर कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे ने प्रदर्शन के दौरान कहा कि केंद्र और राज्य सरकारों की नीतियों और लापरवाही के कारण आम लोगों का जीवन कठिन होता जा रहा है। उन्होंने कहा कि चीनी, रसोई गैस, बिजली और अन्य आवश्यक वस्तुओं के दाम लगातार बढ़ रहे हैं।
उन्होंने कहा कि महंगाई का सबसे ज्यादा असर मध्यम वर्ग और गरीब परिवारों पर पड़ रहा है। रोजमर्रा की जरूरतों की चीजें महंगी होने से परिवारों का घरेलू बजट प्रभावित हो रहा है।
चौकसे ने कहा कि चीनी की कीमतों में जिस तरह बढ़ोतरी हुई है, उससे आने वाले समय में लोगों के लिए इसे खरीदना भी मुश्किल हो सकता है। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि स्थिति ऐसी हो गई है कि लोगों को चीनी खरीदने के लिए भी कर्ज लेने की जरूरत पड़ सकती है।
एलपीजी और बिजली की कीमतों को लेकर सरकार पर हमला
कांग्रेस नेताओं ने रसोई गैस सिलेंडर और बिजली की बढ़ती कीमतों को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। उनका कहना था कि गैस और बिजली जैसी मूलभूत जरूरतों के महंगे होने से हर वर्ग प्रभावित हो रहा है।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि घरेलू खर्च बढ़ने के कारण आम लोगों की आर्थिक परेशानियां लगातार बढ़ रही हैं। सरकार को राहत देने के लिए कदम उठाने चाहिए और महंगाई को नियंत्रित करना चाहिए।
पेट्रोल में इथेनॉल मिश्रण पर उठाए सवाल
शहर कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे ने पेट्रोल में इथेनॉल के इस्तेमाल को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि इथेनॉल मिश्रण के कारण वाहनों पर असर पड़ रहा है और गाड़ियों की उम्र कम हो रही है।
उन्होंने कहा कि वाहन मालिकों को अधिक रखरखाव खर्च उठाना पड़ रहा है। कांग्रेस ने इस मुद्दे पर भी सरकार से जवाब मांगा और कहा कि नीतियां बनाते समय आम उपभोक्ताओं के हितों का ध्यान रखा जाना चाहिए।
अलग-अलग क्षेत्रों में हुआ प्रदर्शन
कांग्रेस ने शहर के विभिन्न हिस्सों में एक साथ प्रदर्शन कर अपनी आवाज उठाई। पार्टी कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए महंगाई कम करने की मांग की। कई जगहों पर कार्यकर्ताओं ने आम लोगों से बातचीत कर उनकी समस्याएं भी सुनीं।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने कहा कि उनका उद्देश्य केवल विरोध करना नहीं, बल्कि आम जनता की परेशानियों को सरकार तक पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई के कारण लोगों में नाराजगी बढ़ रही है।
प्रतीकात्मक विरोध से दिया संदेश
चीनी खरीदने के लिए सांकेतिक कर्ज देने और चाय की दुकान लगाने जैसे तरीकों से कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने महंगाई के असर को दिखाने की कोशिश की। नेताओं का कहना था कि यह विरोध आम लोगों की वास्तविक परेशानियों को सामने लाने का प्रयास है।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि सरकार को महंगाई के मुद्दे पर गंभीरता दिखानी चाहिए और जनता को राहत देने के लिए कदम उठाने चाहिए।
आगे भी आंदोलन की चेतावनी
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने संकेत दिए कि यदि महंगाई पर नियंत्रण के लिए प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो पार्टी आगे भी आंदोलन जारी रखेगी। उन्होंने कहा कि जनता से जुड़े मुद्दों को लेकर कांग्रेस लगातार आवाज उठाती रहेगी।
फिलहाल शहर में हुए इन प्रदर्शनों के जरिए कांग्रेस ने महंगाई को लेकर सरकार पर राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश की है। पार्टी का कहना है कि आम लोगों की समस्याओं को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।