Kerala केरल: रात एक दर्दनाक घटना सामने आई, जहां एक जंगली सूअर के अचानक सड़क पर आने और हमला करने से एक ही परिवार के तीन सदस्य गंभीर रूप से घायल हो गए। यह घटना कोलाड कैनाल रोड पर उस समय हुई जब परिवार बाइक से यात्रा कर रहा था।
जानकारी के अनुसार, नूर मुहम्मद का बेटा शमीर अपनी पत्नी हफ़सत और छह वर्षीय बेटी शहाला के साथ बाइक पर जा रहा था। इसी दौरान अचानक एक जंगली सूअर सड़क पर कूद आया और बाइक के सामने आ गया। इससे बाइक अनियंत्रित हो गई और सूअर ने परिवार पर हमला कर दिया, जिससे तीनों लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
हमले में शमीर को सबसे अधिक चोटें आईं। उनके पैर, कलाई, गाल और आंख के पास गंभीर चोटें दर्ज की गई हैं। उनकी पत्नी हफ़सत के हाथ, पैर और चेहरे पर भी चोटें आईं हैं। वहीं, छह साल की मासूम शहाला को सबसे गंभीर चोटें लगी हैं। उसके सिर, कान और चेहरे पर गहरी चोटें आईं और कंधे में फ्रैक्चर हो गया है।
घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों की मदद से तीनों घायलों को पास के अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें अल्लाथुर के एक निजी अस्पताल में रेफर किया गया। डॉक्टरों के अनुसार, तीनों की हालत गंभीर है और बच्ची की स्थिति विशेष रूप से चिंताजनक बनी हुई है।
इस घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि इस क्षेत्र में जंगली जानवरों की आवाजाही बढ़ गई है, जिससे सड़क पर चलने वाले लोगों की सुरक्षा खतरे में पड़ रही है। ग्रामीणों ने बताया कि पहले भी जंगली सूअरों और अन्य जानवरों के दिखने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं, लेकिन इस तरह का सीधा हमला पहली बार हुआ है।
लोगों ने वन विभाग और प्रशासन से मांग की है कि इस क्षेत्र में जंगली जानवरों की आवाजाही पर नियंत्रण के लिए ठोस कदम उठाए जाएं। साथ ही सड़क पर सुरक्षा उपाय बढ़ाने और निगरानी व्यवस्था मजबूत करने की भी मांग की जा रही है।
स्थानीय प्रशासन ने घटना की जानकारी मिलने के बाद मामले की जांच शुरू कर दी है। वन विभाग की टीम को भी मौके पर भेजा गया है ताकि यह पता लगाया जा सके कि जंगली सूअर सड़क तक कैसे पहुंचा और भविष्य में ऐसी घटनाओं को कैसे रोका जा सकता है।
यह घटना एक बार फिर इस बात को उजागर करती है कि ग्रामीण और अर्ध-वन क्षेत्रों में मानव और वन्यजीव संघर्ष की स्थिति गंभीर होती जा रही है। सड़क सुरक्षा के साथ-साथ वन्यजीव प्रबंधन पर भी ध्यान देने की जरूरत है।
फिलहाल घायलों का इलाज जारी है और डॉक्टर उनकी स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए हैं।