त्रिप्रायर कार लूट मामले में एक और आरोपी गिरफ्तार, फरार आरोपी की मदद करने का आरोप
त्रिशूर : केरल के त्रिप्रायर में कार रोककर लाखों रुपये की नकदी और महंगे मोबाइल फोन की लूट के मामले में स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी पर लूट की वारदात में शामिल मुख्य आरोपी की मदद करने और उसे छिपाने का आरोप है।
त्रिशूर रूरल डिस्ट्रिक्ट पुलिस चीफ मुहम्मद नदीन के नेतृत्व में गठित स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम ने पीची मयिलाडुमपारा कोला निवासी एलन के. जयन (20) को गिरफ्तार किया है। पुलिस का कहना है कि एलन बेंगलुरु में नर्सिंग की पढ़ाई कर रहा है और वह इस मामले के दूसरे आरोपी शानिल उर्फ कन्नन का करीबी सहयोगी है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि शानिल के कहने पर एलन ने उस इनोवा कार को किराये पर लिया था, जिसका इस्तेमाल कथित तौर पर लूट की वारदात को अंजाम देने पहुंचे गिरोह ने किया था। पुलिस के मुताबिक, एलन ने पूछताछ के दौरान कई महत्वपूर्ण जानकारियां दी हैं और अपनी भूमिका स्वीकार की है।
मामला त्रिप्रायर इलाके में हुई उस घटना से जुड़ा है, जिसमें एक कार को रोककर उसमें रखी बड़ी रकम और एक महंगा मोबाइल फोन चोरी कर लिया गया था। पुलिस के अनुसार, आरोपी गिरोह ने वारदात के दौरान कार से करीब 16.25 लाख रुपये नकद और लगभग 1 लाख रुपये कीमत का आईफोन चोरी किया था।
घटना के बाद पुलिस ने मामले की जांच तेज कर दी थी। जांच के दौरान कई लोगों की भूमिका सामने आई, जिसके बाद स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम का गठन किया गया। टीम ने तकनीकी जांच, पूछताछ और अन्य सुरागों के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास शुरू किया।
पुलिस के अनुसार, एलन पर केवल वाहन की व्यवस्था करने का ही नहीं, बल्कि लूट के बाद फरार आरोपी शानिल की मदद करने का भी आरोप है। जांच में पता चला कि जब शानिल पुलिस से बचने के लिए छिपा हुआ था, तब एलन उससे व्यक्तिगत रूप से मिला था। आरोप है कि एलन ने उसे रहने की जगह उपलब्ध कराई और आर्थिक सहायता भी दी।
रूरल एसपी ने कहा कि मामले में शामिल सभी आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि अपराधियों की मदद करने वाले लोगों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का उद्देश्य केवल वारदात को अंजाम देने वालों तक पहुंचना नहीं है, बल्कि उन्हें सहयोग देने वाले नेटवर्क को भी खत्म करना है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस तरह के मामलों में फरार आरोपियों को पनाह देने और उनकी मदद करने वाले लोग भी जांच के दायरे में आते हैं। ऐसे लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी, ताकि अपराधियों को संरक्षण देने की प्रवृत्ति पर रोक लगाई जा सके।
एलन की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब उससे आगे की जानकारी जुटा रही है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि इस लूट की योजना कैसे बनाई गई थी और इसमें कितने लोग शामिल थे। इसके अलावा चोरी की गई रकम और आईफोन की बरामदगी के लिए भी प्रयास जारी हैं।
पुलिस का मानना है कि एलन से पूछताछ के आधार पर मामले में फरार चल रहे अन्य आरोपियों तक पहुंचने में मदद मिल सकती है। अधिकारियों ने कहा है कि जांच पूरी होने तक सभी संभावित पहलुओं की पड़ताल की जाएगी।
स्थानीय पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि या अपराध से जुड़े लोगों की जानकारी तुरंत पुलिस को दें। अधिकारियों का कहना है कि अपराध पर रोक लगाने के लिए जनता का सहयोग बेहद जरूरी है।
फिलहाल स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम मामले की आगे की जांच में जुटी हुई है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही इस पूरे गिरोह का खुलासा कर सभी आरोपियों को कानून के शिकंजे में लाया जाएगा।