बेंगलुरु: महात्मा गांधी के जीवन पर आधारित राज्य के पहले डिजिटल म्यूज़ियम 'महात्माना पयाना' का उद्घाटन शुक्रवार को गांधी भवन में किया जाएगा। इसमें आने वाले लोगों को उनके बचपन से लेकर आखिरी दिनों तक के सफ़र की डिजिटल प्रस्तुति देखने को मिलेगी।
गुरुवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में गांधी भवन के प्रेसिडेंट वुडे पी. कृष्णा ने कहा, "इस म्यूज़ियम का कॉन्सेप्ट और डिज़ाइन नेशनल गांधी म्यूज़ियम, नई दिल्ली के डायरेक्टर डॉ. ए. अन्नामलाई ने तैयार किया है। यह फ़ोटोग्राफ़, दस्तावेज़ों और QR-इनेबल्ड डिजिटल टेक्नोलॉजी के ज़रिए गांधी के जीवन की संक्षिप्त जानकारी देता है।"
उन्होंने आगे कहा, "म्यूज़ियम परिसर में साबरमती आश्रम की एक प्रतिकृति (रेप्लिका) बनाई गई है, जबकि दिल्ली की नेशनल गैलरी की तर्ज़ पर गांधी के जीवन की घटनाओं को दिखाने वाली एक थीम-आधारित फ़ोटो गैलरी भी डिज़ाइन की गई है।"
म्यूज़ियम में आने वाले लोग गांधी की असली तस्वीरें देख सकते हैं और उन्हें स्मार्टफ़ोन से स्कैन करके ऑडियो टेक्नोलॉजी के ज़रिए कन्नड़ और अंग्रेज़ी में जानकारी सुन सकते हैं। उन्होंने बताया कि एक रोटेटिंग गैलरी भी है जिसे हर छह महीने में बदला जाएगा; फ़िलहाल इसमें एक पत्रकार के तौर पर गांधी को दिखाया गया है।