जनता से रिश्ता वेबडेस्क :नए प्रावधान के अनुसार गैर एचएच यानी शापिंग माल, होटल, मल्टीप्लेक्स और बैंक्वेट हाल को पहले से अधिक होल्डिंग टैक्स देना होगा। इन प्रतिष्ठानों के मामले में 25000 वर्ग से अधिक निर्मित क्षेत्र की दर 0.15 प्रतिशत से बढ़कर 0.20 प्रतिशत हो गया है। धनबाद में हीरापुर, सरायढेला, बैंक मोड़, हीरक रोड आदि जगह में बड़े-बड़े शापिंग माल, होटल और मल्टीप्लेक्स हैं। इनमें अधिकतर किराएदार हैं। ऐसे में होल्डिंग टैक्स की दर बढ़ने पर किराए में भी बढ़ोतरी की संभावना है।होल्डिंग यानी प्रापर्टी टैक्स में काफी बदलाव किया गया है। झारखंड नगरपालिका संपत्ति कर (निर्धारण, संग्रहण व वसूली) संशोधन नियमावली 2022 में कई ऐसे प्रावधान किए गए हैं,जिनका लोगों को जानना बेहद जरूरी है। सबसे महत्वपूर्ण तो सर्किल रेट के आधार पर होल्डिंग टैक्स की गणना है। इसका असर आवासीय, व्यावसायिक और खाली प्लाट पर सर्किल रेट के आधार पर पड़ेगा।
नई व्यवस्था के तहत अब बिल्डअप एरिया के आधार पर टैक्स की गणना होगी। पहले कार्पेट एरिया के आधार पर प्रापर्टी टैक्स लगता था। कार्पेट एरिया में मकान या फ्लैट का अंदरूनी हिस्सा जोड़ लिया जाता है। अब बिल्डअप (निर्मित) एरिया यानी मकान या फ्लैट के संपूर्ण हिस्से के आधार पर टैक्स वसूला जाएगा। इसका डाटा पहले से ही नगर निगम के पास मौजूद है।इसके लिए अलग से पैमाइश की जरूरत नहीं होगी। इस तरह अब टैक्स की दर बढ़ जाएगी।