Kashmir.कश्मीर: स्थानीय प्रशासन और सामाजिक संगठनों द्वारा आयोजित नशा विरोधी अभियान के दौरान वरिष्ठ अधिकारी/समाजसेवी कौल ने युवाओं से नशे से दूर रहने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि नशा केवल व्यक्तिगत स्वास्थ्य के लिए खतरा नहीं है, बल्कि यह परिवार और समाज पर भी गंभीर प्रभाव डालता है।
कौल ने युवा वर्ग को संबोधित करते हुए कहा, "युवाओं का भविष्य उनके हाथ में है। नशे की लत आपके शारीरिक, मानसिक और सामाजिक जीवन को नुकसान पहुंचा सकती है। हमें मिलकर इसे रोकना होगा।" उन्होंने यह भी जोर दिया कि नशा मुक्ति केवल प्रशासनिक कदमों से नहीं बल्कि सामाजिक जागरूकता, परिवार और स्कूलों के सहयोग से ही संभव है।
इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में स्थानीय छात्र, युवा संगठन और नागरिक बड़ी संख्या में शामिल हुए। आयोजकों ने नशा मुक्ति के महत्व और इसके दुष्परिणामों पर चर्चा की। कौल ने युवाओं को प्रेरित किया कि वे खेलकूद, सांस्कृतिक गतिविधियों और शैक्षणिक प्रयासों में अपनी ऊर्जा लगाएँ, जिससे वे नशे से दूर रह सकें।
कौल ने कहा कि सरकार और समाज दोनों का दायित्व है कि वे युवाओं के लिए सुरक्षित और सकारात्मक वातावरण सुनिश्चित करें। उन्होंने स्कूलों, कॉलेजों और युवाओं के लिए उपलब्ध नशा मुक्त कार्यक्रमों और गतिविधियों की जानकारी भी साझा की।
स्थानीय स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने बताया कि नशे की लत से मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य पर गंभीर प्रभाव पड़ता है। उन्होंने युवाओं को सही मार्गदर्शन, समय पर परामर्श और परिवार का सहयोग लेने की सलाह दी। कौल ने इस दिशा में आने वाले समय में और व्यापक जागरूकता अभियान चलाने की योजना भी साझा की।
कार्यक्रम में मौजूद नागरिकों और युवाओं ने कहा कि यह अपील न केवल चेतावनी है, बल्कि समाज में नशे के खिलाफ सामूहिक प्रयास की आवश्यकता को भी दर्शाती है। उन्होंने कहा कि ऐसी पहल युवा पीढ़ी को सुरक्षित और स्वस्थ जीवन जीने के लिए प्रेरित करेगी।
कौल ने अंत में सभी से अपील की कि वे नशे से जुड़े मामलों में जागरूक रहें और यदि किसी को नशे की समस्या है, तो उसे सही सहायता और मार्गदर्शन दिलाने में मदद करें। उन्होंने कहा कि केवल चेतावनी देना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि सक्रिय भागीदारी और सहयोग से ही नशा मुक्त समाज का निर्माण संभव है।