JAMMU.जम्मू: जम्मू-कश्मीर विधान सभा (JKLA) के स्पीकर ने बजट सेशन के दौरान ऐतिहासिक रिकॉर्ड बना दिया। उन्होंने बजट सेशन की 22 मीटिंग्स में कुल 102.35 घंटे तक अध्यक्षता की, जो राज्य विधानसभा के इतिहास में एक नया कीर्तिमान माना जा रहा है। स्पीकर ने पूरे सेशन में सदन की कार्यवाही को सुचारू और अनुशासित बनाए रखा। उन्होंने सुनिश्चित किया कि सदस्यों की टिप्पणियों और सवालों का न्यायसंगत और संतुलित उत्तर दिया जाए। उनकी अध्यक्षता में बजट प्रस्तुति, चर्चा और संशोधनों की प्रक्रिया पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ संपन्न हुई। सदन के कई वरिष्ठ सदस्य और विधायकों ने स्पीकर के इस योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि इतने लंबे समय तक लगातार अध्यक्षता करना आसान काम नहीं है, और इससे विधानसभा की कार्यक्षमता और निर्णय प्रक्रिया पर सकारात्मक प्रभाव पड़ा है। विशेषज्ञों का कहना है कि यह रिकॉर्ड राज्य विधानसभा के इतिहास में उल्लेखनीय और प्रेरक है।
उन्होंने बताया कि स्पीकर की अध्यक्षता ने सदन में लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूत किया और विभिन्न राजनीतिक दलों के बीच संतुलन बनाए रखा। स्पीकर ने भी सदस्यों के सहयोग और अनुशासन की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि सदन की कार्यवाही का उद्देश्य राज्य के विकास और बजट का सही तरीके से क्रियान्वयन सुनिश्चित करना है, और इसके लिए सभी दलों के सदस्यों का योगदान अहम होता है। इस बजट सेशन में वित्तीय प्रस्तावों, विकास योजनाओं और सरकारी खर्च के मुद्दों पर गंभीर चर्चा हुई। स्पीकर की लगातार अध्यक्षता ने सुनिश्चित किया कि प्रत्येक मुद्दे पर उचित बहस हो और निर्णय तर्कसंगत रूप से लिए जाएँ। संक्षेप में, JKLA स्पीकर ने बजट सेशन की 22 मीटिंग्स में कुल 102.35 घंटे तक अध्यक्षता कर ऐतिहासिक रिकॉर्ड स्थापित किया। उनके नेतृत्व में सदन की कार्यवाही अनुशासित, पारदर्शी और लोकतांत्रिक प्रक्रिया के अनुसार हुई। यह कीर्तिमान राज्य विधानसभा के इतिहास में नए मानक तय करता है और भविष्य के लिए प्रेरणा का स्रोत बनता है।