जम्मू: नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के प्रवक्ता ऋषि किलम ने सोमवार को उमर अब्दुल्ला के नेतृत्व वाली सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि जम्मू में आई हालिया बाढ़ और भूस्खलन से हुई तबाही पर राज्य सरकार की प्रतिक्रिया बेहद कमजोर और असंवेदनशील रही है। किलम ने कहा, पिछले दो हफ्तों से लगातार बारिश, बादल फटने और अचानक आई बाढ़ ने जम्मू को बुरी तरह प्रभावित किया है। दर्जनों लोगों की जानें गईं, पशुधन और घर बह गए, लेकिन सरकार पांच दिन बाद भी बिजली, पानी और सड़क संपर्क जैसी मूलभूत सेवाएं बहाल करने में विफल रही है।
उन्होंने विशेष तौर पर जशोती, वैष्णो देवी अर्धकुंवारी, रियासी, महोर और रामबन के राजगढ़ जैसे क्षेत्रों का उल्लेख करते हुए कहा कि यहां कई परिवार बेघर हो गए हैं और हालात गंभीर हैं। किलम ने कहा कि जम्मू के सांसद जुगल किशोर शर्मा भी जनता के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने में पूरी तरह असफल रहे हैं और चुनावों के दौरान झूठे वादों से लोगों को गुमराह करते रहे हैं। एनसीपी प्रवक्ता ने केंद्र सरकार की सराहना करते हुए कहा कि गृह मंत्री अमित शाह का जम्मू दौरा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि हर आपदा की घड़ी में केंद्र सरकार ने जम्मू-कश्मीर को उदार सहयोग दिया है और इस बार भी राहत व पुनर्वास के लिए मानव संसाधन, मशीनरी और आर्थिक पैकेज उपलब्ध कराएगी।
किलम ने राज्य सरकार की ओर से घोषित राहत पैकेज को अपर्याप्त बताते हुए कहा कि एक पूरी तरह क्षतिग्रस्त घर के लिए महज 1.35 लाख रुपये का मुआवजा नींव डालने के लिए भी काफी नहीं है। राज्य सरकार को चाहिए कि वह गंभीरता दिखाते हुए प्रभावितों के लिए पर्याप्त और ठोस राहत पैकेज जारी करे। अब तक घोषित मामूली राशि प्रभावित परिवारों की मदद करने में नाकाफी है।