पिथौरागढ़। भारतीय सेना में अग्निवीर बनने की तैयारी कर रहे पिथौरागढ़ और चंपावत जिले के युवाओं के लिए महत्वपूर्ण खबर है। अग्निवीर भर्ती 2027 का कार्यक्रम घोषित कर दिया गया है। आर्मी भर्ती कार्यालय (एआरओ) पिथौरागढ़ की ओर से जारी सूचना के मुताबिक ऑनलाइन कॉमन एंट्रेंस एग्जाम (CEE) में सफल अभ्यर्थियों के लिए भर्ती रैली 23 से 29 नवंबर 2026 तक मिलिट्री स्टेशन बनबसा में आयोजित की जाएगी। इस भर्ती रैली में दोनों जिलों के निर्धारित पात्र अभ्यर्थी शामिल हो सकेंगे।

आर्मी भर्ती कार्यालय पिथौरागढ़ के निदेशक कर्नल अमोल दबड़घाव ने भर्ती कार्यक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि एक से 12 जून 2026 तक हल्द्वानी में ऑनलाइन कॉमन एंट्रेंस एग्जाम आयोजित किया गया था। इस परीक्षा में सफल हुए अभ्यर्थियों को अब भर्ती प्रक्रिया के अगले चरण में शामिल होने का अवसर मिलेगा। परीक्षा का परिणाम 12 जुलाई को घोषित किया गया था।

सीईई का परिणाम जारी होने के बाद से ही अभ्यर्थियों को भर्ती रैली की तारीखों का इंतजार था। अब कार्यक्रम घोषित होने के साथ ही युवाओं को शारीरिक और अन्य निर्धारित परीक्षणों की तैयारी के लिए स्पष्ट समय मिल गया है। भर्ती कार्यालय की ओर से भी रैली को लेकर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।

भर्ती रैली मिलिट्री स्टेशन बनबसा में 23 नवंबर से शुरू होगी और 29 नवंबर तक चलेगी। अलग-अलग दिनों में निर्धारित श्रेणियों और अभ्यर्थियों को बुलाया जाएगा। इसलिए उम्मीदवारों को अपने एडमिट कार्ड में दी गई तारीख और रिपोर्टिंग समय के अनुसार ही भर्ती स्थल पर पहुंचना होगा।

अग्निवीर भर्ती प्रक्रिया में ऑनलाइन परीक्षा पहला महत्वपूर्ण चरण है। कॉमन एंट्रेंस एग्जाम में सफल होने वाले अभ्यर्थियों को अगले चरण के लिए बुलाया जाता है। भर्ती रैली में उम्मीदवारों को सेना की ओर से निर्धारित प्रक्रिया से गुजरना होता है। इसमें शारीरिक दक्षता परीक्षण, शारीरिक माप और आवश्यक दस्तावेजों का सत्यापन जैसे चरण शामिल हो सकते हैं। संबंधित श्रेणी के लिए लागू शर्तों की जानकारी अभ्यर्थियों को अपने प्रवेश पत्र और सेना की आधिकारिक भर्ती सूचना से जांचनी चाहिए।

पिथौरागढ़ और चंपावत पर्वतीय जिले हैं और यहां बड़ी संख्या में युवा भारतीय सेना में भर्ती होने की तैयारी करते हैं। भर्ती कार्यक्रम घोषित होने के बाद अब क्षेत्र में तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के बीच गतिविधियां बढ़ने की उम्मीद है। युवाओं के पास नवंबर तक अपनी शारीरिक तैयारी को और मजबूत करने का समय है।

भर्ती कार्यालय ने अभ्यर्थियों को सलाह दी है कि वे भर्ती से संबंधित जानकारी के लिए केवल आधिकारिक माध्यमों पर भरोसा करें। सेना भर्ती के नाम पर सक्रिय दलालों और फर्जी एजेंटों से सावधान रहना भी जरूरी है। भर्ती प्रक्रिया निर्धारित नियमों और योग्यता के आधार पर होती है, इसलिए किसी व्यक्ति को पैसे देकर चयन कराने जैसे दावों पर विश्वास नहीं किया जाना चाहिए।

भर्ती रैली में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों के लिए दस्तावेज बेहद महत्वपूर्ण होंगे। उम्मीदवारों को अपने एडमिट कार्ड में दिए गए निर्देशों के अनुसार आवश्यक मूल प्रमाणपत्र और उनकी प्रतियां तैयार रखनी चाहिए। शैक्षणिक प्रमाणपत्र, पहचान से जुड़े दस्तावेज, निवास और अन्य लागू प्रमाणपत्रों की जांच भर्ती प्रक्रिया के दौरान की जा सकती है। किसी भी दस्तावेज में नाम, जन्मतिथि या अन्य जानकारी में अंतर होने पर परेशानी हो सकती है, इसलिए अभ्यर्थियों को समय रहते अपने कागजात की जांच कर लेनी चाहिए।

शारीरिक दक्षता के लिए भी युवाओं को नियमित अभ्यास की जरूरत होगी। भर्ती रैली में शामिल होने से पहले उम्मीदवारों को दौड़ और अन्य निर्धारित शारीरिक गतिविधियों की तैयारी करनी चाहिए। हालांकि अभ्यास के दौरान क्षमता से अधिक दबाव डालने से बचना और स्वास्थ्य का ध्यान रखना भी जरूरी है।

भर्ती कार्यक्रम घोषित होने के बाद आर्मी भर्ती कार्यालय ने आयोजन की व्यवस्थाओं पर काम शुरू कर दिया है। सात दिनों तक चलने वाली भर्ती रैली में बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों के पहुंचने की संभावना है। ऐसे में प्रवेश, दस्तावेज सत्यापन और शारीरिक परीक्षण सहित विभिन्न प्रक्रियाओं को व्यवस्थित तरीके से पूरा करने की तैयारी की जा रही है।

हल्द्वानी में एक से 12 जून तक हुई सीईई में सफल अभ्यर्थियों के लिए यह रैली भर्ती प्रक्रिया का अगला महत्वपूर्ण चरण होगी। परीक्षा का परिणाम 12 जुलाई को घोषित होने के बाद चयनित उम्मीदवारों की नजर भर्ती रैली के कार्यक्रम पर थी। अब तारीख सामने आने के बाद वे अपनी आगे की तैयारी को उसी के अनुसार व्यवस्थित कर सकेंगे।

अभ्यर्थियों को विशेष रूप से यह ध्यान रखना होगा कि भर्ती स्थल पर केवल निर्धारित तारीख पर ही पहुंचें। किसी दूसरे दिन पहुंचने से उन्हें परेशानी हो सकती है। प्रवेश पत्र पर दिए गए निर्देश, रिपोर्टिंग समय और आवश्यक दस्तावेजों की सूची को ध्यान से पढ़ना जरूरी होगा।

सेना भर्ती से संबंधित किसी भी बदलाव या अतिरिक्त सूचना के लिए अभ्यर्थियों को आधिकारिक भर्ती पोर्टल और आर्मी भर्ती कार्यालय की सूचनाओं पर नजर बनाए रखनी चाहिए। सोशल मीडिया पर चलने वाली अपुष्ट सूचनाओं के आधार पर यात्रा या भर्ती से संबंधित निर्णय लेने से बचना चाहिए।

पिथौरागढ़ और चंपावत के युवाओं के लिए 23 से 29 नवंबर तक होने वाली यह भर्ती रैली सेना में अग्निवीर बनने की दिशा में अहम चरण होगी। सीईई पास कर चुके उम्मीदवारों के लिए अब मुख्य ध्यान भर्ती रैली की निर्धारित प्रक्रिया को सफलतापूर्वक पूरा करने पर रहेगा। इसके लिए शारीरिक तैयारी के साथ दस्तावेजों को व्यवस्थित रखना और आधिकारिक निर्देशों का पालन करना जरूरी होगा।

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