Himachal Pradesh.हिमाचल प्रदेश: केंद्रीय विश्वविद्यालय हिमाचल प्रदेश (सीयूएचपी) के आह्वान पर भारतीय विश्वविद्यालय संघ की पहल पर चार दिवसीय अखिल भारतीय अंतर क्षेत्रीय महिला भारोत्तोलन प्रतियोगिता का उद्घाटन साई इंडोर स्टेडियम धर्मशाला में कांगड़ा के सांसद डॉ. राजीव भारद्वाज ने किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सीयूएचपी के कुलपति एसपी बंसल ने की, जबकि सोरोखैबम विंध्यरानी देवी (भारोत्तोलक, नेताजी सुभाष राष्ट्रीय खेल संस्थान, पटियाला) विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। तीन दिवसीय इस चैंपियनशिप में देश भर के 78 विभिन्न विश्वविद्यालयों के 320 खिलाड़ी भाग ले रहे हैं।
कांगड़ा के सांसद ने कहा कि देश और समाज तभी तरक्की कर सकता है, जब उसके युवा अनुशासित हों। उनके अनुसार अनुशासन सबसे ज्यादा खेल मैदानों से सीखा जा सकता है। उन्होंने महिला खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि आज बेटियों के प्रति समाज की सोच बदल गई है। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे कुलपति ने कहा कि संसाधनों की कमी के बावजूद विश्वविद्यालय लगातार चौथी बार प्रतियोगिता का आयोजन कर रहा है। उन्होंने सोरोखैबम विंध्यरानी देवी के संघर्षों का विशेष उल्लेख किया और खिलाड़ियों के साथ उनकी सफलता की कहानी भी साझा की। उन्होंने कहा कि भारोत्तोलन केवल वजन उठाने का खेल नहीं है; यह उम्मीदों और सपनों को ऊपर उठाने की भावना का प्रतीक है। कर्णमल्लेश्वरी और मीराबाई चानू का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि शक्ति लिंग से नहीं बल्कि दृढ़ संकल्प से आती है।