हिमाचल में कांग्रेस सरकार से जवाबदेही की मांग करेंगे लोग : बिंदल
हिमाचल में कांग्रेस सरकार की जवाबदेही का मुद्दा उठाएगी भाजपा
शिमला: भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने कहा है कि कांग्रेस दिल्ली में वोट चोरी का शोर मचाकर हिमाचल प्रदेश में अपनी सरकार की विफलताओं को नहीं छिपा सकती। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता कांग्रेस सरकार से चार वर्षों के कामकाज का हिसाब मांगेगी और अराजकता की राजनीति स्वीकार नहीं करेगी।
डॉ. बिंदल रविवार को शिमला में भाजपा की ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्रा को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा का देवभूमि हिमाचल प्रदेश की राजधानी में स्वागत किया। उन्होंने कहा कि पदयात्रा में हजारों कार्यकर्ताओं की उपस्थिति लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति भाजपा की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
बिंदल ने आरोप लगाया कि प्रदेश की सुक्खू सरकार पिछले चार वर्षों से जनता को परेशान कर रही है। प्रदेश में सड़कें टूटी हुई हैं, अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी है और स्कूलों में अध्यापकों के पद खाली हैं। अनेक क्षेत्रों में लोगों को पेयजल की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कांग्रेस सरकार से पूछा कि प्रदेश की जनता को सुविधाएं देने के बजाय उसके नेता दिल्ली में प्रदर्शन करके क्या साबित करना चाहते हैं।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव के दौरान महिलाओं को प्रतिमाह 1,500 रुपये देने और बेरोजगार युवाओं को रोजगार उपलब्ध करवाने के वादे किए थे। बिंदल ने सवाल उठाया कि चार वर्षों में प्रत्येक पात्र महिला को 72 हजार रुपये मिलने चाहिए थे। सरकार बताए कि कितनी महिलाओं को वादे के अनुसार पूरी सहायता मिली है। उन्होंने कहा कि बेरोजगार युवा भी सरकार से रोजगार के वादों पर जवाब मांग रहे हैं।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कांग्रेस पर अपनी विफलताओं से ध्यान हटाने के लिए चुनावी प्रक्रिया को लेकर विवाद खड़ा करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विभिन्न राज्यों में चुनावी हार के बाद कांग्रेस ईवीएम और विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) जैसे विषयों पर सवाल उठाती है। कांग्रेस को जनादेश का सम्मान करना चाहिए और अपनी राजनीतिक कमजोरियों का आत्ममंथन करना चाहिए।
बिंदल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि देश की जनता विकास और सुशासन के साथ खड़ी है। उन्होंने भाजपा कार्यकर्ताओं से घर-घर जाकर जनता से संवाद करने और प्रदेश सरकार के चुनावी वादों तथा कामकाज का लेखा-जोखा सामने रखने का आह्वान किया।
पदयात्रा में असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा, पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर, पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सांसद अनुराग सिंह ठाकुर, सांसद सुरेश कश्यप, राज्यसभा सांसद डॉ. सिकंदर कुमार सहित भाजपा के वरिष्ठ नेता, पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।